ऐसे ऐतिहासिक धरोहर बचाने की जगह ‘इमेज बिल्डिंग’ में जुटा है नीतीश-तंत्र !

Share Button

विश्व प्राचीन धार्मिक नगरी राजगीर के महाभारत काल का ऐतिहासिक धरोहर इस तरह उपेक्षित होगी, कोई इतिहासज्ञ से लेकर आम आदमी ने कल्पना भी नही की होगी...……………”

नालंदा दर्पण। पवित्र महाभारत-गीता ग्रंथ के पन्नो में धार्मिक,पौराणिक इतिहास के वास्तविक तथ्यों को इस तरह संजोया गया कि इस महाकाव्य से जुड़ी भारत का हर पौराणिक स्थल व ऐतिहासिक धरोहर पूरे विश्व को अपनी ओर समेट महाभारत कालीन इतिहास पर गौरवान्वित होने पर मजबूर करता है।

हम राजगीर के वैभारगिरी पर्वत पर 5 हज़ार वर्ष पूर्व मगध सम्राट जरासंध द्वारा महाभारत काल मे स्थापित भगवान शंकर के सिद्धनाथ मंदिर के जीर्ण शीर्ण हालत पर रिपोर्ट लिखते हुए काफी शर्मिंदगी महसूस कर रहे हैं। क्योंकि ये वो ऐतिहासिक पुरातात्विक धरोहर है, जो बिहार सरकार के पर्यटन मानचित्र पर भी अभी तक दर्ज नहीं है।

राजगीर के स्थानीय नागरिक, बुद्धिजीवी काफी चिंता मुद्रा में है कि आखिर पौराणिक ऐतिहासिक धरोहर इस कदर उपेक्षित क्यों है। इस मंदिर की बाहरी दीवारें कभी भी गिर सकती है। जिसकी सुध लेने के लिये कोई शासन, प्रशासन और राजनेता मूड में नहीं दिख रहे हैं।

राजगीर के खूबसूरत अलौकिक पहाड़ी वादियों में स्थापित यह पौराणिक सिद्घनाथ मंदिर आज भी लोगो की मनोकामनाएं पूरी करती है। ऐसी मान्यता है। इसके धार्मिक, ऐतिहासिक, पौराणिक महत्व के बाबजूद सरकारी स्तर पर इसकी उपेक्षा और पर्यटन के मानचित्र पर नहीं होना हर किसी के समझ से परे है।

नतीजतन बिहार सरकार के किसी भी विभाग में उक्त मंदिर परिसर के विकास से सम्बंधित कोई भी योजना ही नहीं है, क्योंकि इस ऐतिहासिक धरोहर को लगता है कि सरकारी तंत्र ने भी गुमनाम कर देने की कसम खा रखी है।

जहां सरकार और उनके पदाधिकारी की नज़र में यह पुरातात्विक ऐतिहासिक धरोहर गुमनाम है। वहीं राजगीर के स्थानीय लोग ही यहाँ नियमित पूजा पाठ कर इसकी महत्ता को जीवंत रखे हुए है।

सावन माह में अखिल भारतीय जरासंध अखाड़ा परिषद के जलाभिषेक सह धरोहर सुरक्षा संकल्प यात्रा में शामिल हुए स्थानीय विधायक तक इसकी ऐतिहासिक महत्ता से अनभिज्ञ दिखे और इसके विकास की बात सरकार तक पहुंचाने का महज आश्वासन देते नजर आए।

वहीं राजगीर में पिछले कुछ दशक में विभिन्न धार्मिक संस्थाओं के विकास के लिए बिहार सरकार ने खजाने के दरबाजे भी खोले और लगातार विकास कार्य जारी है। बाबजूद इसके हिन्दू धर्म की आस्थाओं के प्रमुख केंद्रों का विकास नहीं होना सनातन प्रेमियों में चिंता का विषय बना हुआ है।

फिलहाल बिहार सरकार के मुखिया और उनके आलाधिकारी राजगीर में गुरुनानक कुंड गुरुद्वारा के सौदर्यीकरण, भूटानी मंदिर का विश्व स्तरीय निर्माण, मखदूम कुंड ,विश्व शांति स्तूप के 50 वें वार्षिकोत्सव के  कार्य मे व्यस्त हैं और लगातार सरकारी आवंटन से इनके विकास को तीव्र गति दे रहे हैं।

वहीं महाभारत काल के सिद्घनाथ मंदिर में सबकी मनोकामनाएं पूरी करने वाले बाबा भोलेनाथ आज भी अपने धरोहरों के विकास की बाटे जोह रहे हैं।

Share Button

Related News:

यूं मौत की राह बनी इस्लामपुर-कपटिया मोड़ सड़क को लेकर लावरवाह बने ठेकेदार-अफसर-नेता
परबलपुर अस्पताल के डॉक्टर की लापरवाही से एक महिला की मौत
नगरनौसा में इस तरह सम्पन्न हुआ लोकसभा चुनाव
सरमेरा में युवक को मां-भाई के सामने गोलियों से भूना, मौके पर मौत
नगरनौसा जेई की काली करतूत, खुद की लापरवाही ब्लैकमेलिंग का जरिया न बना तो हाइवा को फंसा दिया
लू को लेकर नालंदा में भी धारा 144 के तहत निषेधाज्ञा लागू, पुलिस-प्रशासन चौकस
मैरेज एनवर्सरी के बहाने चली नगर निगम की सियासत, बधाई देने पहुंचे पूर्व विधायक
करंट का कहरः बेन में युवक की मौत तो सिलाव में 2 गाय चढ़ी भेंट
गंगा स्नान करने जा रही महिला को बस ने कुचला, मौत, बाइक चालक गंभीर,हिलसा-फतुहा मार्ग जाम
4व्हीलर न मिला तो ससुराल वालों ने 5 साल बाद रुबी को गला दबाकर मार डाला!
सीएम के नालंदा में जल्लाद राजः पीट-पीट कर पूर्व पंच की हत्या
'कॉपी ऑफ विराट कोहली' ने यूं मनाया भारत की पाक पर जीत का जश्न
मुख्य पार्षद की चालबाजी, करा लिया कुर्सी का नवीनीकरण
बाबा मणिराम अखाड़ा पर 7 दिवसीय लगोंट मेला शुरू
चूड़ी पहनकर चुपचाप बैठी है नीतीश सरकार :धीरेंद्र झा
करंट से किसान की मौत, बिना पुलिस-प्रशासन के परिजन ने कराया पोस्टमार्टम!
जमीन कारोबारी की हत्या को लेकर फूटा आक्रोश, किया हिलसा-फतुहा मार्ग जाम, आगजनी
नवादा में लू का कहर जारी, अब तक 17 की मौत, दर्जनों आक्रांत, नालंदा विम्स में हुई 6 मौतें
वेना थाना क्षेत्र में मिली लाश पटना से किडनैप प्रॉपर्टी डीलर की निकली
आज सांसद-जदयू नेता आरसीपी सिंह का यूं दिखा गिरगिटिया रंग!
बेन ईलाके में इस बार त्रिकोणीय मुकाबले में फंसे राजग प्रत्याशी
बिहार के मुख्यमंत्री श्री नीतीश कुमार का जीवन और उनकी उपलब्धियों पर एक नज़र
छठ घाट में डूबने से बालक की मौत, प्रशासन ने दिए 4.20 लाख
वोट वहिष्कार के बीच बूथ निरीक्षण करने पहुंची बीडीओ पर विफरे ग्रामीण

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Loading...

You may have missed

Don`t copy text!
» यूनियन के अध्यक्ष-पुत्र कर रहा अवैध वसूली, आखिर गरीब मजदूरों के निबंधन में क्या है लोचा?   » हरनौत के हथियार तस्कर वशिष्ठ राम को 3 साल कठोर कारावास की सज़ा, प्रथम श्रेणी न्यायिक दंडाधिकारी मानवेन्द्र मिश्र की अदालत ने दी सजा   » विश्व धरोहर में पूरे राजगीर को शामिल किया जाय : ब्रिगेडियर कर्नल वीरेंद्र सिंह   » राजगीर के फुटपाथ दुकानदारों के बीच यूं हुआ प्रमाण पत्र वितरण   » राजद नेता कल्लू मुखिया पुत्र के 2 किशोर हत्यारोपी को 3 साल आवासीत की सज़ा   » OMG ! राज्य सूचना आयुक्त के 25 हजारी दंड के बाबजूद DPO-DEO ने नहीं दी सूचना   » हिलसा में 20 लाखिया वकालतखाना का शिलान्यास   » चंडी थाना की सुरक्षा ऐसी कि आरोपी वितंतु रुम से भाग गया, भनक तलाश रही पुलिस   » सरमेरा नाबागिल रेप कांडः 18 माह बाद भी थेथर बनी है नालंदा महिला थाना पुलिस   » बोले जिला जज श्याम किशोर झा- ‘न्याय श्रृंखला के अहम कड़ी होते हैं वकील’