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    चंडी प्रखंडः पुलिस, पी-3, जोनल मजिस्ट्रेट के निजी स्टाफ पर भी लगे वोट डालने के आरोप

    नालंदा दर्पण डेस्क। चंडी प्रखंड में सातवें चरण का चुनाव  छिटपुट घटनाओं के बीच शांतिपूर्ण संपन्न हो गया। प्रखंड में कुल 66.35 प्रतिशत मतदाताओं ने मतदान किया।

    183 मतदान केंद्र पर कुल 95389 मतदाताओं में से 63295 मतदाताओं ने अपना मत का प्रयोग किया। जिसमें 30973 महिला मतदाता 68.21 तथा 32322 पुरुष मतदाता 64.67 प्रतिशत ने अपना मत का प्रयोग किया।

    मतदान को लेकर महिला मतदाताओं में उत्साह ज्यादा दिखा। अमरौरा पंचायत के पड़री मतदान केंद्र पर एक 93 साल की वृद्धा चारपाई पर वोट डालने के लिए पहुंचीं।  मतदान केंद्र 183 पोराजित में देर शाम मतदान जारी था।

    गांव की सरकार चुनने के लिए वोटरों में खासा उत्साह रहा। सुबह से ही महिलाएं एवं पुरुषों की लंबी कतार लगी रही। इस दौरान चुनाव आयोग द्वारा कोरोना गाइडलाइन की धज्जियां उड़ती रही।

    मतदान कर रहे मतदाता इस बार विकास के मुद्दा के साथ जातीय गोलबंदी भी देखी गयी। प्रखंड के कुछ बूथों पर बूथ मैनेजमेंट का नजारा भी देखने को मिला। कई जगह शांतिपूर्ण मतदान भी कब्जा देखने को मिला।

    मतदान केंद्र संख्या 25 प्राणचक पर सुपर जोनल मजिस्ट्रेट के निजी स्टाफ के द्वारा वोगस वोट डालने को लेकर ग्रामीण लोग हंगामा करने लगा।

    वही बूथ संख्या 94 गोपी बिगहा में पी 3 के द्वारा मतदान केंद्र के अंदर घुस एक प्रत्याशी के पक्ष में वोट डालने का आरोप लगा।

    मतदान केंद्र 122 पर पुलिस के द्वारा मतदान केंद्र के अंदर घुस ईवीएम का बटन दवाने का आरोप एक प्रत्याशी द्वारा लगाया गया।

    मतदान मतदान केंद्र संख्या 213 व 214 को मॉडल बूथ सिर्फ दिखावे के मॉडल बूथ था। मॉडल बूथ पर किसी तरह की व्यवस्था देखने को नही मिली।

    उधर सुपर जोनल के निजी स्टाफ के द्वारा वोगस वोट डालने को लेकर बूथ संख्या 25 प्राणचक  पर ग्रामीणों द्वारा हंगामा किया गया।

    अब मतदान समाप्ति के बाद प्रत्याशी जीत के गुना भाग में लग गये हैं। प्रत्याशियों के भाग्य ईवीएम और बैलेट बॉक्स में कैद हो गया है। जिनके भाग्य का निर्धारण 17 नबंबर को होना तय है।