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    घोसरावाँ माँ आशापूरी मंदिरः ज्ञान की धरती पर अज्ञानता की प्रतीक !

    पुजारी की जानकारी की मानें तो इस इलाके में आशापूरी माँ स्वयं प्रकट हुई थी और जिस स्थान पर प्रकट हुई, वहीं पर मंदिर का निर्माण करवाया गया..