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    पुलिस के कार्यशैली पर उठे सवाल, कई गंभीर घटनाओं में नहीं हुई कोई गिरफ्तारी

    करायपरसुराय (नालंदा दर्पण)। करायपरसुराय थाना क्षेत्र के विभिन्न गांव में होली के दौरान हुई आपराधिक वारदात की घटनाओं के बाद पुलिस के द्वारा की गई शिथिलता के कारण ग्रामीणों का गुस्सा स्थानीय थाना पुलिस पर है। जो कभी भी विकराल रूप धारण कर सकता है।

    प्राप्त जानकारी के अनुसार रायपुरा थाना क्षेत्र के मिश्रा गांव में होली के दरमियान में  रास्ते के जमीन के छोड़ने को लेकर के विवाद में अपराध कर्मियों द्वारा एक महिला की हत्या कर दी गई थी घटना 17 मार्च के शाम की है।

    नेसरा गांव निवासी धर्मवीर यादव व संजय यादव के बीच पूर्व से रास्ते की जमीन छोड़ने को लेकर विवाद चलता आ रहा था। इसमें धर्मवीर यादव के द्वारा चलाई गई गोली संजय यादव के 35 वर्षीय पत्नी तिलकी देवी गंभीर रूप से घायल हो गयी थी।

    आनन-फानन में जख्मी महिला को पटना पीएमसीएच में इलाज के दौरान मौत हो गयी। इस कांड में शामिल धर्मवीर यादव खुद जख्मी कर स्थानीय थाना में उसी दिन आत्मसमर्पण  कर मृत महिला के परिवार वालों के  विरुद्ध  दर्ज कर प्राथमिकी दर्ज किया।

    वहीं मखदुमपुर पंचायत के फ़ुल्लिपर गांव की है उक्त गांव में अवैध शराब कारोबारी शिवजी विन्द व किशोरी विन्द के बीच हुए विवाद को लेकर  शिवजी विन्द किसी के द्वारा किशोरी विन्द के 45 वर्षीय पत्नी रितु देवी के हाथ में गोली मारकर गंभीर रूप से घायल कर दिया था। यह घटना 19 मार्च की है।

    सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक किशोरी बिन समिति अन्य गांव में चल रहे शराब बेचने की धंधा से  अजीज होकर शराब कार्यवाही के गलत कार्य को विरोध करने लगे जिसके कारण यह घटना घटी एक सप्ताह बीत जाने के बाद भी शराब कारोबारी को पुलिस पकड़ से अभी भी बाहर है ।

    तीसरी घटना जिले में चर्च में काफी चर्चा का विषय बन गया 19 मार्च को करायपरसुराय थाना क्षेत्र के बेरथु पंचायत के पैक्स अध्यक्ष विजय सिंह होली के दौरान शराब पार्टी का फोटो सोशल मीडिया पर वायरल तेजी से हो  गई थी।

    इससे जुड़े सभी लोगों की पहचान कर ली गई थी ।करायपरसुराय पुलिस द्वारा नोटिस जारी कर स्थिति स्पष्ट करने की बात कहते हुए मामले को ठंडे बस्ते में डाल दिया गया।

    चौथी घटना करायपरसुराय थाना क्षेत्र के झरहपर गांव में जमीनी विवाद को लेकर हुए मारपीट में एक वृद्ध जख्मी होने की बात सामने आई है। जहां पर गांव निवासी लोरीक गोप तथा उमेश गोप के विच  शनिवार को जमीनी विवाद को लेकर हुए मारपीट में लोरिक गोप द्वारा उमेश यादव को लाठी डंडे से पीट पीटकर जख्मी कर दिया।

    जख्मी द्वारा स्थानीय थाना में प्राथमिकी दर्ज हेतु आवेदन दिए जाने के बाद भी समाचार लिखे जाने तक प्राथमिकी दर्ज नहीं की गई थी ।

    इन सभी वारदातों तथा से ग्रामीण क्षेत्र में अवैध शराब की बिक्री के धंधा से अजीज यहाँ के ग्रामीण में स्थानीय पुलिस के प्रति गुस्सा उबल पड़ा है। ग्रामीण क्षेत्र में भय का वातावरण उत्पन्न हो गया है।

    इन सारी वर वारदातों के बावजूद अभी तक किसी भी नामजद अभियुक्त अपराधियों की गिरफ्तारी नही होने से पुलिस प्रशासन की कार्यशैली पर प्रश्न चिन्ह लग रहा है।

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