राजगीर (नालंदा दर्पण)। विकास पथ पर अग्रसर राजगीर एक और महत्वपूर्ण कदम उठाने को तैयार है। नालंदा विश्वविद्यालय बायपास रोड को टू-लेन से फोर-लेन में अपग्रेड करने का निर्णय लिया गया है। यह सड़क नेशनल हाईवे 82 के फोर-लेन नाहुब मोड़ (रेलवे ओवर ब्रिज) से स्टेट हाईवे 71 को राइस पर जोड़ती है। इस परियोजना को गति प्रदान करने के लिए बिहार सरकार ने आवश्यक राशि का आवंटन कर दिया है और निर्माण कार्य शीघ्र ही शुरू होने की उम्मीद है।
मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने अपनी प्रगति यात्रा के दौरान इस महत्वपूर्ण मार्ग को टू-लेन से फोर-लेन में अपग्रेड करने का आदेश दिया था। इस आदेश के अनुपालन में नालंदा के जिलाधिकारी (डीएम) कुंदन कुमार ने पथ निर्माण विभाग के कार्यपालक अभियंता के साथ प्रस्तावित फोर-लेन मार्ग का निरीक्षण किया।
डीएम ने अधिकारियों को यथाशीघ्र निर्माण कार्य शुरू करने के निर्देश दिए हैं। यह परियोजना न केवल राजगीर की आधारभूत संरचना को मजबूत करेगी, बल्कि इसे एक आधुनिक शहरी केंद्र के रूप में स्थापित करने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।
यह फोर-लेन सड़क राजगीर नेशनल हाईवे बायपास 12 के किलोमीटर 77.00 से शुरू होकर स्टेट हाईवे 71 के किलोमीटर 58.00 तक जाएगी, जो इंटरनेशनल क्रिकेट स्टेडियम मोड़ (स्टेट हाईवे 71, किलोमीटर 37.400) तक विस्तारित होगी। वर्तमान में इस मार्ग की लंबाई 7.20 किलोमीटर है और इसकी चौड़ाई 7.00 से 10.00 मीटर के बीच है। यह सड़क स्टेट हाईवे 71 पर नीमा ग्राम से शुरू होकर नेशनल हाईवे 82 के नाहुब मोड़ पर समाप्त होती है।
यह परियोजना राजगीर अनुमंडल क्षेत्र में तीसरा फोर-लेन मार्ग होगा। इससे नालंदा विश्वविद्यालय, बिहार खेल विश्वविद्यालय, राज्य खेल अकादमी, बिहार पुलिस अकादमी और प्रस्तावित राजगीर एयरपोर्ट तक की यात्रा अधिक सुगम, तेज और सुरक्षित हो जाएगी। यह सड़क राजगीर के शैक्षणिक और खेल संस्थानों को राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर बेहतर कनेक्टिविटी प्रदान करेगी, जिससे क्षेत्र का समग्र विकास होगा।
वर्तमान टू-लेन सड़क पर भारी वाहनों, यात्रियों और पर्यटकों की बढ़ती आवाजाही के कारण अक्सर जाम और दुर्घटनाओं की आशंका बनी रहती है। फोर-लेन सड़क का निर्माण इस समस्या का एक व्यवहारिक और दीर्घकालिक समाधान साबित होगा। यह मार्ग न केवल ट्रैफिक प्रवाह को सुचारू करेगा, बल्कि सड़क सुरक्षा को भी बढ़ाएगा।
