राजगीर (नालंदा दर्पण)। भारतीय रेलवे ने यात्रियों की सुविधा के लिए एक और महत्वपूर्ण कदम उठाया है। लोकमान्य तिलक एक्सप्रेस, जो अब तक मुंबई के लोकमान्य तिलक टर्मिनस से पटना के बीच संचालित हो रही थी, अब बिहार के ऐतिहासिक और सांस्कृतिक रूप से समृद्ध शहर राजगीर तक जाएगी। रेलवे बोर्ड ने इस ट्रेन के विस्तार की घोषणा कर दी है और इसके लिए समय-सारणी भी जारी की गई है।
गाड़ी संख्या 13201 (राजगीर-लोकमान्य तिलक टर्मिनस एक्सप्रेस): यह ट्रेन राजगीर से रात 8:45 बजे रवाना होगी। इसका रूट और समय नालंदा- 9:00 बजे, बिहार शरीफ- 9:20 बजे, बख्तियारपुर- 9:52 बजे, फतुहा- 10:15 बजे, पटना साहिब- 10:28 बजे, पटना जंक्शन- 11:45 बजे निर्धारित की गई है। यह ट्रेन अगले दिन सुबह 10:50 बजे लोकमान्य तिलक टर्मिनस पहुंचेगी।
वापसी यात्रा गाड़ी संख्या 13202 (लोकमान्य तिलक टर्मिनस-राजगीर एक्सप्रेस): यह ट्रेन दोपहर 2:45 बजे लोकमान्य तिलक टर्मिनस से प्रस्थान करेगी। इसका रूट और समय पटना जंक्शन- रात 12:10 बजे, पटना साहिब- 12:35 बजे, फतुहा- 12:47 बजे, बख्तियारपुर- 1:20 बजे, बिहार शरीफ- 1:53 बजे, नालंदा- 2:11 बजे, राजगीर- 3:00 बजे निर्धारित की गई है।
हालांकि, राजगीर से ट्रेन के परिचालन की तारीख अभी पूर्व मध्य रेलवे द्वारा घोषित की जानी बाकी है। दानापुर मंडल के सहायक मंडल रेल प्रबंधक (एडीआरएम) आधार राज ने इसकी अधिसूचना अपने एक्स हैंडल पर साझा की है।
वहीं लोकमान्य तिलक एक्सप्रेस के विस्तार के साथ-साथ पूर्व मध्य रेलवे के दानापुर मंडल ने टिकट जांच व्यवस्था को और मजबूत करने के लिए नए कदम उठाए हैं। मंडल कार्यालय ने नए सीआईटी (चीफ टिकट इंस्पेक्टर) प्रभारियों की नियुक्ति की है, जो तत्काल प्रभाव से लागू होगी। नियुक्त प्रभारियों में जमालपुर- अरविंद कुमार हेम्ब्रम, किऊल- महेंद्र चौधरी, बरौनी- निर्भय पासवान, राजेंद्र नगर टर्मिनल- एच.के. दास, पटना जंक्शन- मनी बरैक, दानापुर- शंकर कुमार, पाटलिपुत्र- एम.बी. ओझा, आरा- सी.पी. यादव, बक्सर- संजय कुमार शामिल हैं।
वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबंधक अभिनव सिद्धार्थ ने सभी प्रभारियों को हैंडिंग ओवर और टेकिंग ओवर की प्रक्रिया पूरी करने और किसी भी समस्या की स्थिति में तुरंत लिखित सूचना देने का निर्देश दिया है।
बहरहाल, लोकमान्य तिलक एक्सप्रेस का राजगीर तक विस्तार और टिकट जांच में सुधार के ये कदम भारतीय रेलवे की सेवा गुणवत्ता को और बेहतर बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण हैं। यह न केवल यात्रियों की सुविधा बढ़ाएगा, बल्कि राजगीर जैसे सांस्कृतिक और पर्यटन स्थल को राष्ट्रीय स्तर पर और अधिक प्रमुखता देगा।
