बेन के इस गांव में धागा फैक्ट्री की जमीन के लिए हुई हिंसक संघर्ष, तीन आरोपी गिरफ्तार
रोड़ेबाजी-फायरिंग में चार घायल, बाइक फूंकी, पुलिस ने हथियारों के अवशेष के साथ तीन को भेजा जेल

बेन (नालंदा दर्पण)। बेन थाना क्षेत्र के उतरी भातु बिगहा गांव में रविवार को धागा फैक्ट्री की जमीन और इलाके में वर्चस्व को लेकर चल रहे पुराने विवाद ने अचानक हिंसक रूप ले लिया। दो पक्षों के बीच हुए टकराव में जमकर रोड़ेबाजी, मारपीट और फायरिंग हुई, जिसमें चार लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर सोमवार को न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया है।
जानकारी के अनुसार लक्ष्मण सिंह और नीतीश सिंह पक्ष के बीच धागा फैक्ट्री की जमीन को लेकर लंबे समय से तनातनी चल रही थी। रविवार को यह विवाद उस समय भड़क गया जब लक्ष्मण सिंह अपने समर्थकों के साथ नीतीश सिंह के घर पर चढ़ गया। आरोप है कि हमलावरों ने घर पर हमला बोलते हुए जमकर पत्थरबाजी की, लोगों के साथ मारपीट की और कई राउंड फायरिंग की।
चार लोग घायल, अस्पताल से विम्स पावापुरी रेफर
घटना में चार लोग बुरी तरह घायल हो गए। सभी घायलों को पहले बेन प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में भर्ती कराया गया, जहां से प्राथमिक उपचार के बाद उन्हें बिहारशरीफ रेफर किया गया। स्थिति गंभीर होने पर घायलों को पावापुरी स्थित विम्स अस्पताल भेजा गया है। फायरिंग की घटना में प्रिंस नामक युवक की बांह में गोली लगने की भी पुष्टि हुई है।
बाइक फूंकी, इलाके में दहशत
हिंसा के दौरान बदमाशों ने नीतीश सिंह के घर के पास खड़ी एक बाइक में आग लगा दी, जिससे गांव में दहशत का माहौल बन गया। फायरिंग और आगजनी से सहमे ग्रामीण घरों में दुबक गए।
पुलिस की कार्रवाई, हथियारों के अवशेष बरामद
घटना की सूचना मिलते ही राजगीर डीएसपी सुनील कुमार सिंह के नेतृत्व में बेन थानाध्यक्ष रविराज सिंह पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस को देखते ही हमलावर भागने लगे, लेकिन घेराबंदी कर तीन लोगों को गिरफ्तार कर लिया गया।
गिरफ्तार आरोपियों में भातु बिगहा गांव निवासी देवनन्दन सिंह के पुत्र संजीव कुमार सिंह उर्फ बबलू, लक्ष्मण सिंह की पत्नी खुशबू देवी तथा पटना जिले के अथमलगोला थाना क्षेत्र के चंदा गांव निवासी मुकेश सिंह के पुत्र सन्नी कुमार शामिल हैं। तलाशी के दौरान मौके से दो फायर पिलेट और आठ खोखे बरामद किए गए हैं।
एक दिन पहले भी हुई थी हिंसा
पुलिस के अनुसार एक दिन पूर्व भी लक्ष्मण सिंह और अनुज सिंह के बीच इसी विवाद को लेकर झड़प हुई थी। उस दौरान लक्ष्मण सिंह ने अपने समर्थकों के साथ अनुज सिंह के घर पर हमला कर महिला-पुरुषों के साथ मारपीट की थी और रात में रोड़ेबाजी व फायरिंग की घटना को अंजाम दिया गया था। साथ ही जान से मारने की धमकी भी दी गई थी। इस मामले में सुमन देवी की ओर से थाना में आवेदन देकर प्राथमिकी दर्ज कराई गई थी।
ताजा घटना के बाद पीड़ित अमन देवी ने बेन थाना में लगभग दो दर्जन लोगों के विरुद्ध नामजद प्राथमिकी दर्ज कराई है। बदमाशों के आतंक से डरे कुछ पीड़ित परिवार गांव छोड़कर अन्यत्र चले जाने को मजबूर हो गए हैं।
बेन थानाध्यक्ष का सख्त रुख
इस संबंध में बेन थानाध्यक्ष रविराज सिंह ने कहा कि घटना में शामिल किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा। चाहे वह कितना भी रसूखदार क्यों न हो, कानून अपना काम करेगा। पुलिस पूरे मामले की गहन जांच कर रही है और अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए छापेमारी जारी है।
(बेन से नालंदा दर्पण के लिए पत्रकार रामावतार की रिपोर्ट)





