सड़क जाम और आगजनीः 11 नामजद समेत 36 लोगों पर FIR
हिलसा (नालंदा दर्पण)। परवलपुर थाना क्षेत्र के मई गांव के पास हुए एक दर्दनाक सड़क हादसे ने पूरे इलाके में तनाव का माहौल पैदा कर दिया। इस हादसे में एक 12 वर्षीय बच्चे की मौत के बाद गुस्साए ग्रामीणों ने एनएच-33 को जाम कर दिया। एक स्कॉर्पियो वाहन को आग के हवाले कर दिया और अन्य वाहनों में तोड़फोड़ की। इस घटना के बाद पुलिस ने 11 नामजद और 25 अज्ञात लोगों के खिलाफ प्राथमिकी (FIR) दर्ज की है।
थानाध्यक्ष संजीव कुमार सिंह ने बताया कि गुरुवार सुबह मई गांव निवासी नीतीश यादव का 10 वर्षीय पुत्र स्कूल जाने के लिए घर से निकला था। इसी दौरान एक तेज रफ्तार स्कॉर्पियो ने उसे टक्कर मार दी। जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई। इस हादसे ने स्थानीय लोगों में आक्रोश फैला दिया।
हादसे के तुरंत बाद गुस्साए ग्रामीणों ने बिहारशरीफ-एकंगरसर मुख्य मार्ग पर सड़क जाम कर दी। इस दौरान कुछ असामाजिक तत्वों ने स्थिति को और भड़काने का काम किया। प्रदर्शनकारियों ने स्कॉर्पियो वाहन को आग लगा दी, जिससे वह पूरी तरह जलकर खाक हो गया।
इसके अलावा एक बस सहित अन्य वाहनों में भी तोड़फोड़ की गई। सड़क जाम के कारण एनएच-33 पर करीब तीन घंटे तक यातायात पूरी तरह ठप रहा। इस दौरान आक्रोशित भीड़ और पुलिस के बीच तीखी झड़प भी हुई। प्रदर्शनकारियों ने प्रशासन विरोधी नारेबाजी भी की, जिससे माहौल और तनावपूर्ण हो गया।
परवलपुर थाना पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए स्थिति को नियंत्रित करने का प्रयास किया। थानाध्यक्ष संजीव कुमार सिंह ने बताया कि सड़क जाम, आगजनी, तोड़फोड़ और प्रशासन विरोधी नारेबाजी के आरोप में 11 नामजद व्यक्तियों सहित 25 अज्ञात लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई है। पुलिस ने सभी आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए छापेमारी शुरू कर दी है।
इस घटना ने मई गांव और आसपास के क्षेत्रों में गहरे दुख और आक्रोश का माहौल पैदा किया है। स्थानीय लोगों का कहना है कि तेज रफ्तार वाहनों के कारण इस क्षेत्र में सड़क हादसे आम हो गए हैं। कई ग्रामीणों ने मांग की है कि प्रशासन आम लोगों पर दमनात्मक कार्रवाई के बजाय सड़क सुरक्षा के लिए ठोस कदम उठाए। ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोका जा सके।





