धरोहर
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राजगीर मलमास मेला 2026: पवित्र कुंडों के संरक्षण की पुकार
राजगीर (नालंदा दर्पण)। बिहार के ऐतिहासिक और धार्मिक नगरी राजगीर में आयोजित होने वाला राजकीय मलमास मेला 2026 में 17 मई से 15 जून तक अपने पूरे वैभव के साथ शुरू होगा। ढाई से तीन वर्षों में एक बार लगने वाला यह मेला धार्मिक, सांस्कृतिक और आध्यात्मिक महत्व का अनूठा संगम…
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बेहाल राजगीर: सूखते गर्मजल कुंडों के साथ बुझ रही आस्था की लौ
राजगीर (नालंदा दर्पण)। राजगीर वह पवित्र भूमि हैं, जहाँ कभी तपस्वियों की साधना गूंजती थी। जहाँ गर्मजल के झरने आस्था और आरोग्यता के प्रतीक थे, आज एक मौन त्रासदी का साक्षी बनता जा रहा है। यहां के ऐतिहासिक और धार्मिक महत्व से परिपूर्ण गर्मजल कुंड कभी तीर्थयात्रियों के श्रद्धा-स्थल और पर्यटकों…
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जानें दुनिया के बदलाव में नालंदा की भूमिका: खंडहरों से वैश्विक चेतना तक की यात्रा
✍नालंदा दर्पण डेस्क /मुकेश भारतीय। जिस धरोहर को अब हम खंडहरों के रूप में देखते हैं, उसने कभी ज्ञान की ऐसी रोशनी फैलाई थी जिसने सदियों तक पूरी दुनिया को आलोकित किया। बिहार के राजगीर के पास स्थित नालंदा महाविहार सिर्फ एक प्राचीन विश्वविद्यालय नहीं था, यह एक विचार था- एक…
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राजगीर अजातशत्रु किला मैदान और साइक्लोपियन वॉल का इसरो लिडार सर्वे शुरु
राजगीर (नालंदा दर्पण)। भारत के प्राचीन इतिहास को नई तकनीक (इसरो लिडार सर्वे) के साथ उजागर करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाया गया है। भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (इसरो) की छह सदस्यीय वैज्ञानिक टीम ने राजगीर के पुरातात्विक स्थलों का लिडार (लाइट डिटेक्शन एंड रेंजिंग) सर्वे शुरू कर दिया…
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राजगीर सप्तऋषि कुंड का होगा कायाकल्प, 50 करोड़ स्वीकृत
राजगीर (नालंदा दर्पण)। नालंदा का चप्पा-चप्पा अपनी समृद्ध ऐतिहासिक, सांस्कृतिक और धार्मिक विरासत के लिए विश्वविख्यात है। बुद्ध और महावीर की तपोभूमि से लेकर प्राचीन नालंदा विश्वविद्यालय तक सदियों से ज्ञान, आध्यात्म और संस्कृति का केंद्र रहा है। अब बिहार सरकार ने अनमोल धरोहरों को संरक्षित करने और उसे विश्व पटल…
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अजातशत्रु किला मैदान की खुदाई से उजागर होगा प्राचीन इतिहास
राजगीर (नालंदा दर्पण)। पद्मश्री से सम्मानित भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण (एएसआई) के पूर्व क्षेत्रीय निदेशक केके मुहम्मद एक दिवसीय दौरे पर राजगीर पहुंचे। इस अवसर पर अधीक्षण पुरातत्वविद सुजीत नयन ने उनका स्वागत किया। केके मुहम्मद ने पुरातत्व विभाग के अधिकारियों के साथ अजातशत्रु किला मैदान में चल रहे उत्खनन कार्य का…
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Bihar Heritage: राजगीर वेणुवन में लगे सम्राट बिंबिसार की प्रतिमा
राजगीर (नालंदा दर्पण)। बिहार के ऐतिहासिक और अंतर्राष्ट्रीय पर्यटक शहर राजगीर का वेणुवन (Bihar Heritage) न केवल अपनी प्राकृतिक सुंदरता के लिए प्रसिद्ध है, बल्कि इसका धार्मिक और ऐतिहासिक महत्व भी विश्व पटल पर स्थापित है। यह वही वेणुवन है जहां महात्मा बुद्ध अपने राजगीर प्रवास के दौरान ठहरते थे। यहीं…
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जानें 16 साल बाद दर्शन के लिए कहां क्यों रखे गए भगवान बुद्ध के दांत
नालंदा दर्पण डेस्क। श्रीलंका के केंद्रीय शहर कैंडी में एक ऐतिहासिक और आध्यात्मिक आयोजन ने विश्व भर के बौद्ध अनुयायियों का ध्यान आकर्षित किया है। भगवान बुद्ध के पवित्र दंत अवशेष, जो श्रीलंका के सांस्कृतिक और धार्मिक इतिहास का अभिन्न अंग हैं, उसे 16 वर्षों के लंबे अंतराल के बाद आम…
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राजगीर अजातशत्रु किला: इतिहास, वर्तमान और रोचक किस्से-कहानियां
बिहारशरीफ (नालंदा दर्पण)। राजगीर बिहार का एक प्राचीन शहर मगध साम्राज्य की राजधानी के रूप में विख्यात रहा। अजातशत्रु किला को राजगीर का किला मैदान के नाम से भी जाना जाता है। जिसे छठी शताब्दी ईसा पूर्व में मगध सम्राट अजातशत्रु द्वारा निर्मित माना जाता है। यह किला मगध साम्राज्य के…









