सोशल मीडिया पर आग उगलना महंगा पड़ा, दो विद्वेषक गिरफ्तार

बिहारशरीफ (नालंदा दर्पण)। सोशल मीडिया के दुरुपयोग का एक और मामला सामने आया है। नालंदा पुलिस ने भड़काऊ और आपत्तिजनक सामग्री साझा करने के आरोप में दो युवकों को गिरफ्तार किया है। यह कार्रवाई तब हुई, जब एक फेसबुक वीडियो के माध्यम से जातीय भावनाओं को भड़काने और सामाजिक सौहार्द को नुकसान पहुंचाने की कोशिश की गई।
पुलिस सूत्रों के अनुसार यह वीडियो दीपनगर थाना क्षेत्र के डुमरावां गांव की एक घटना से संबंधित था। वीडियो को फेसबुक आईडी 100076164613791 से साझा किया गया था। इसमें दो व्यक्ति जाति विशेष के खिलाफ अपशब्दों का उपयोग करते हुए और कानून व्यवस्था को खुलेआम चुनौती देते नजर आए। वीडियो में गाली गलौज के साथ साथ बदले की धमकी भी दी गई थी। इससे क्षेत्र में तनाव की स्थिति उत्पन्न हो सकती थी।
नालंदा पुलिस ने वीडियो के सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद तत्काल संज्ञान लिया। 16 जुलाई को साइबर थाना में प्राथमिकी दर्ज की गई और जांच शुरू की गई। साइबर मॉनिटरिंग और तकनीकी जांच के जरिए पुलिस ने वीडियो पोस्ट करने वाले फेसबुक यूजर की पहचान कर ली।
गहन छानबीन के बाद दो अभियुक्तों को गिरफ्तार किया गया। जिनकी पहचान रौशन कुमार (पिता सुंदर ध्यानी) और बंटी कुमार (पिता रामलखन), दोनों ग्राम मझियावां, थाना फतेहपुर, जिला गया के रूप में हुई।
गिरफ्तारी के दौरान पुलिस ने अभियुक्तों के कब्जे से दो मोबाइल फोन भी बरामद किए, जिनका उपयोग आपत्तिजनक वीडियो को रिकॉर्ड करने और साझा करने में किया गया था।
साइबर डीएसपी ज्योति शंकर ने बताया कि दोनों अभियुक्तों को न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है। सोशल मीडिया पर ऐसी सामग्री साझा करना जो सामाजिक सौहार्द को बिगाड़े या कानून व्यवस्था को चुनौती दे, गंभीर अपराध है। नालंदा पुलिस इस तरह की गतिविधियों पर लगातार नजर रख रही है।
साइबर डीएसपी ने स्पष्ट किया कि डिजिटल प्लेटफॉर्म पर कानून का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। सोशल मीडिया एक शक्तिशाली माध्यम है, लेकिन इसका दुरुपयोग सामाजिक ताने बाने को नुकसान पहुंचा सकता है। हम सभी से अनुरोध करते हैं कि ऐसी सामग्री से बचें जो समाज में नफरत या तनाव फैलाए।
बहरहाल, यह घटना एक बार फिर से सोशल मीडिया के बढ़ते प्रभाव और इसके दुरुपयोग की गंभीरता को रेखांकित करती है। नालंदा पुलिस ने चेतावनी दी है कि साइबर क्राइम पर नजर रखने के लिए उनकी साइबर सेल 24×7 सक्रिय है। पुलिस ने लोगों से अपील की है कि वे किसी भी आपत्तिजनक साम के बारे में तुरंत स्थानीय थाना या साइबर सेल को सूचित करें, ताकि समय रहते कार्रवाई हो सके।





