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बिहारशरीफ शहर में घंटो जाम में फंसी रही एंबुलेंस, चली गई मरीज की जान

बिहारशरीफ (आशीष कुमार)। नालंदा जिला मुख्यालय बिहारशरीफ शहर में जाम से निजात दिलाने के लिए बनी नई व्यवस्था के बाद भी राहत नहीं मिल रही है। जाम में फंसकर लोगों की जान जा रही है।

Ambulance stuck in jam for hours in Biharsharif city patient lost his life 1आज शनिवार को भी शहर के भरावपर, रांची रोड, अंबेर चौराहा, नई सराय, खंदकपर लगे भीषण जाम ने फिर एक मरीज की जान ले ली। एंबुलेंस करीब डेढ़ घंटे तक एंबुलेंस जाम में फंसी रही।

मरीज सिलाव प्रखंड के कराह गांव निवासी मोहम्मद शेख है। जिसका इलाज जलालपुर स्थित मोती मेमोरियल अस्पताल में चल रहा था, लेकिन चिकित्सकों द्वारा हालात को देखते हुए उसे विम्स पावापुरी रेफर कर दिया गया।

आज शनिवार को एंबुलेंस मरीज को लेकर पावापुरी जा रही थी, लेकिन रांची रोड और भरावपर में लगे भीषण जाम में वह डेढ़ घंटे तक फंसा रहा। इस वजह से मरीज की मौत एंबुलेंस में ही हो गई। स्थानीय यातायात व्यवस्था की कमी की वजह से एक इंसान की जान चली गई। जबकि लगभग 4 वर्ष पूर्व बिहारशरीफ शहर में यातायात व्यवस्था को नियंत्रण करने के लिए यातायात थाना खुला, यातायात डीएसपी तैनात किए गए।

शहर में रोजाना कुल अस्सी यातायात पुलिस कर्मी तैनात किए जाते है। जबकि शनिवार को सीएम के आगमन को लेकर अत्यधिक पुलिस बलों की तैनाती की गई है। वहीं रांची रोड से भरावपर तक रोजाना छः से सात यातायात पुलिस कर्मी की तैनाती होती है, लेकिन शनिवार को सीएम के आगमन को लेकर इसकी संख्या बढ़ाकर दस से बारह कर दिए गए हैं।

वहीं यातायात डीएसपी ने कहा की जाम की वजह से एंबुलेंस में किसी मरीज की मौत हुई है, ऐसी सूचना उन्हों अब तक नहीं मिली है और डेढ़ घंटे तक एंबुलेंस जाम में फंसा रहा, ये बातें बिलकुल बेबुनियाद है। मरीज के परिजन तो कुछ भी आरोप लगाते रहते है।

मुकेश भारतीय

मुकेश भारतीय वरिष्ठ पत्रकार हैं और राजनीति, प्रशासन और स्थानीय, राष्ट्रीय एवं वैश्विक मुद्दों पर लेखन-संपादन करते हैं। More »
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