बिहारशरीफ (नालंदा दर्पण)। नूरसराय थाना क्षेत्र अंतर्गत मथुरापुर गांव में हुए पेंटर ठेकेदार सिकंदर राम हत्याकांड का पुलिस ने महज 36 घंटे के भीतर खुलासा कर एक खौफनाक साजिश का पर्दाफाश किया है। इस सनसनीखेज वारदात के पीछे की कहानी ने इलाके में सनसनी फैला दी है।
पुलिस जांच में जो सच सामने आया, वह किसी फिल्मी पटकथा से कम नहीं। मृतक की पत्नी ने अपने पूर्व प्रेमी जैकी राम के साथ मिलकर इस नृशंस हत्या की साजिश रची थी। बिहार थाना क्षेत्र के महलपर निवासी जैकी राम हाल ही में दिल्ली से लौटा था। मृतक की पत्नी के संपर्क में फिर से आ गया था। दोनों के बीच फिर से नजदीकियां बढ़ने लगी थीं, जिसे लेकर पति सिकंदर राम आड़े आ रहा था।
पति की मौजूदगी को रास्ते से हटाने की मंशा से दोनों ने मिलकर सुनियोजित योजना बनाई और 30 मई की सुबह बाइक सवार अपराधियों ने मथुरापुर गांव के पास सिकंदर राम को गोली मार दी, जिससे घटनास्थल पर ही उसकी मौत हो गई।
नूरसराय थाना में इस मामले को लेकर आर्म्स एक्ट की धारा 27 के तहत प्राथमिकी दर्ज की गई। पुलिस अधीक्षक नालंदा के निर्देश पर अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी (बिहारशरीफ) संजय कुमार जायसवाल के नेतृत्व में एक विशेष जांच टीम गठित की गई।
इस टीम ने तकनीकी साक्ष्य, कॉल रिकॉर्ड, मानव खुफिया सूचना और वैज्ञानिक अनुसंधान पद्धतियों की मदद से 36 घंटे में पूरे हत्याकांड की गुत्थी सुलझा ली। हत्या में शामिल जैकी राम और मृतक की पत्नी को गिरफ्तार कर लिया गया है।
डीएसपी संजय जायसवाल ने मीडिया को बताया कि यह मामला अवैध प्रेम संबंध और पारिवारिक प्रतिशोध की परिणति है। दोनों आरोपियों ने मिलकर एक निर्दोष पति की जान ले ली।
जांच टीम में अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी संजय जायसवाल के अलावा पुलिस निरीक्षक रामशंकर सिंह, आलोक कुमार, प्रभारी डीआईयू, नूरसराय थानाध्यक्ष रजनीश कुमार, अपर थानाध्यक्ष संजीव कुमार, महिला पुलिस अधिकारी नेहा कुमारी, सभ्या कुमारी तथा अन्य पुलिसकर्मी और महिला सशस्त्र बल की महत्वपूर्ण भूमिका रही। पुलिस अब इस मामले से जुड़े अन्य संभावित संलिप्त व्यक्तियों की पहचान और गिरफ्तारी के लिए छापेमारी कर रही है।
