नगरनौसा प्रखंड-अंचल भवन की शिखर सीढ़ी पर देखिए अजूबा, बिन रोपे यूँ लहलाए पीपल वृक्ष

नगरनौसा (नालंदा दर्पण )। नगरनौसा प्रखंड-अंचल मुख्यालय भवन में एक अजीबोगरीब दृश्य सामने आई है। भवन की सीढ़ी के शिखर पर पीपल के दो नवोदित पेड़ लहलहा रहे हैं, जिसे देख लोग-बाग तो दूर अफसर भी चकित हैं। उन्हें समझ में नहीं आ रहा है कि आखिर वे करें भी तो क्या करें।

See the wonders on the stairs of Nagarnausa block zone building the Peepal tree trembled without planting 2यदि इन बड़े पौधों को काट डालें तो हरियाली नष्ट करने के साथ धार्मिक पाप भी लगेंगे और यदि छोड़ दिया जाए तो कल भवन पर खतरा उत्पन्न होना लाजमि है।

हिन्दू धर्म की मान्यता के अनुसार हरा पीपल के पेड़ काटना पाप की श्रेणी में रखा गया है, वहीं वैज्ञानिक पुष्टि के अनुसार पीपल के पेड़ मानव जीवन के लिए वरदान है, क्योंकि ये सर्वाधिक ऑक्सीजन उत्सर्जित करते हैं।

वेशक पीपल के इन लहलहाते नवोदित वृक्षों को देख सबकी आँखे फटी की फटी रह जाती है। प्रकृति की लीला ही है कि सीमेंट-टाइल्स लगी सीढ़ियाँ भी इनके लिए उर्वर साबित हैं।

ऐसे ये पौधे धरती पर बामुश्किल ही खिल पाते हैं। फिलहाल पीपल के ये पेड़ चर्चा के विषय बने हुए हैं कि आखिर इनका भविष्य क्या होगा….?

 

 

Nalanda Darpan

नालंदा दर्पण (Nalanda Darpan) के संचालक-संपादक वरिष्ठ पत्रकार मुकेश भारतीय (Mukesh Bhartiy) पिछले 35 वर्षों से समाचार लेखक, संपादक और संचार विशेषज्ञ के रूप में सक्रिय हैं। उन्हें समसामयिक राजनीति, सामाजिक मुद्दों, स्थानीय समाचार और क्षेत्रीय पत्रकारिता पर गहरी पकड़ और विश्लेषणात्मक अनुभव है। वे तथ्य आधारित, निष्पक्ष और भरोसेमंद रिपोर्टिंग के माध्यम से पाठकों तक ताज़ा खबरें और सटीक जानकारी पहुँचाने के लिए जाने जाते हैं। एक्सपर्ट मीडिया न्यूज़ (Expert Media News) सर्विस द्वारा प्रकाशित-प्रसारित नालंदा दर्पण (Nalanda Darpan) के माध्यम से वे स्थानीय समाचार, राजनीतिक विश्लेषण और सामाजिक सरोकारों से जुड़े मुद्दों को प्रमुखता से उठाते हैं। उनका मानना है कि स्थानीय पत्रकारिता का उद्देश्य केवल खबर देना नहीं, बल्कि सच को जिम्मेदारी, प्रमाण और जनहित के साथ सामने रखना है। ताकि एक स्वस्थ समाज और स्वच्छ व्यवस्था की परिकल्पना साकार हो सके। More »

Adblock Detected

Please consider supporting us by disabling your ad blocker