पंचाने नदी पर बनेगा भव्य रिवर फ्रंट, मंत्री ने किया निरीक्षण, पर्यटन को मिलेगा बढ़ावा

बिहारशरीफ (नालंदा दर्पण)। नालंदा जिले के बिहारशरीफ में पंचाने नदी के किनारे एक भव्य रिवर फ्रंट के निर्माण का कार्य तेजी से शुरू हो चुका है। इस महत्वाकांक्षी परियोजना का जायजा लेने के लिए बिहार के ग्रामीण विकास मंत्री श्रवण कुमार ने हाल ही में निर्माण स्थल का दौरा किया।

उन्होंने निर्माण कार्य का बारीकी से निरीक्षण किया और निर्माण एजेंसी तथा विभागीय अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए कि कार्य में किसी भी प्रकार की लापरवाही या गुणवत्ता में कमी बर्दाश्त नहीं की जाएगी।

मंत्री ने स्पष्ट रूप से कहा  कि जो एस्टीमेट और डिजाइन मंजूर किया गया है, काम बिल्कुल उसी के अनुरूप होना चाहिए। तय मानकों से इंच भर का भी समझौता स्वीकार्य नहीं होगा।

इस परियोजना की कुल लागत 4248.59 लाख रुपये है और इसे गोमती नदी के रिवर फ्रंट की तर्ज पर विकसित किया जाएगा। इसका मुख्य उद्देश्य नालंदा के पर्यटन को बढ़ावा देना और स्थानीय लोगों के लिए एक आकर्षक सार्वजनिक स्थल का निर्माण करना है।

बता दें कि पंचाने नदी पर रिवर फ्रंट की कल्पना कई वर्षों से विचाराधीन थी।  लेकिन इसे मूर्त रूप तब मिला, जब मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने अपनी हालिया प्रगति यात्रा के दौरान नालंदा जिल का दौरा किया।

इस दौरान उन्होंने इस परियोजना को हरी झंडी दिखाई। यह रिवर फ्रंट न केवल एक संरचनात्मक परियोजना है, बल्कि नालंदा के पर्यटन मानचित्र पर एक नया अध्याय जोड़ने का माध्यम भी बनेगा।

ग्रामीण विकास मंत्री श्रवण कुमार ने निरीक्षण के दौरान कहा कि यह रिवर फ्रंट नालंदा के स्थानीय लोगों के लिए एक खूबसूरत और उपयोगी सार्वजनिक स्थान होगा। साथ ही यह बाहरी पर्यटकों के लिए भी एक प्रमुख आकर्षण का केंद्र बनेगा।

उन्होंने जोर देकर कहा कि राज्य सरकार का उद्देश्य विकास कार्यों का लाभ सीधे आम जनता तक पहुंचाना है। नालंदा पहले से ही अपने ऐतिहासिक और सांस्कृतिक महत्व के लिए जाना जाता है। अब इस परियोजना से एक नई पहचान हासिल करेगा।

बिहारशरीफ शहर में कोसुक घाट के पास बनने वाला यह रिवर फ्रंट पर्यटकों के लिए एक आधुनिक और सुंदर स्थल होगा। यह परियोजना गोमती नदी के रिवर फ्रंट से प्रेरित है और इसे पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए डिजाइन किया गया है।

रिवर फ्रंट के निर्माण से न केवल शहर की सुंदरता बढ़ेगी, बल्कि स्थानीय अर्थव्यवस्था को भी बल मिलेगा। यह परियोजना न केवल स्थानीय लोगों के लिए मनोरंजन और सामाजिक गतिविधियों का केंद्र बनेगी, बल्कि बाहरी पर्यटकों को भी आकर्षित करेगी।

निरीक्षण के दौरान ग्रामीण विकास मंत्री ने निर्माण एजेंसी और अधिकारियों को यह सुनिश्चित करने का निर्देश दिया कि परियोजना समय पर पूरी हो और गुणवत्ता के साथ कोई समझौता न हो।

उन्होंने कहा कि यह परियोजना नालंदा के विकास में एक मील का पत्थर साबित होगी। निरीक्षण के दौरान स्थानीय जनप्रतिनिधि, विभागीय अधिकारी और निर्माण कंपनी के प्रतिनिधि भी मौजूद थे।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.

अन्य समाचार