खुली किताब थे डॉ. केडी पी वर्मा : मंत्री श्रवण कुमार

नूरसराय (नालंदा दर्पण)। चंडी के जाने-माने चिकित्सक और भूतपूर्व सिविल सर्जन डॉ. केडी पी वर्मा को उनकी पहली स्मृति दिवस पर पैतृक गांव नूरसराय प्रखंड के खेमनविगहा में याद किया गया।

Dr. KD P Verma was an open book Minister Shravan Kumar

इस मौके पर ग्रामीण विकास मंत्री श्रवण कुमार ने उनकी आदमकद प्रतिमा का अनावरण किया। एवं पुष्प अर्पित किया।

उन्होंने कहा कि डॉ केडी पी वर्मा का जीवन एक खुली किताब की तरह था। उन्होंने हमेशा एक चिकित्सक के रूप में गरीबों और लाचारों की सेवा की। मिलनसार इतने थें कि हर से एक आत्मीय रिश्ता बना लेते थे।

मंत्री श्रवण कुमार ने कहा कि उनके लिए यह गौरव की बात है कि स्व. वर्मा उनके ही क्षेत्र के थे। आज उनके पैतृक गांव आते हुए मुझे काफी प्रसन्नता हुई।

ग्रामीण विकास मंत्री ने कहा कि डॉ केडीपी वर्मा का नाम चिकित्सा सेवा के लिए जाना जाएगा। भले ही वह आज हमारे बीच नहीं हैं लेकिन उनके योगदान को भूलाया नहीं जा सकता।

इस मौके पर स्व. केडीपी वर्मा की पुत्री अनिता वर्मा ने मंत्री श्रवण कुमार से बिहटा-सरमेरा मार्ग से खेमनविगहा तक सड़क निर्माण की मांग की। मंत्री ने शीघ्र सड़क निर्माण की बात कही।

डॉ केडीपी वर्मा के प्रतिमा अनावरण के मौके पर उनके दामाद मगध मेडिकल कॉलेज अस्पताल के पूर्व प्राचार्य डॉ पीके वर्मा, उनके परिवार के लोग समेत प्रो सुरेश प्रसाद, प्रो सुधीर कुमार, पूर्व ज़िप अध्यक्ष योगेंद्र यादव, कांग्रेस के वरिष्ठ नेता डॉ. कमाल अहमद, मनोज कुमार,गनौरी प्रसाद, डॉ सुनील दत समेत अन्य लोग मौजूद थे।

 

 

ट्रेंडिंग न्यूज