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निजी नर्सिंग होम में गर्भवती की मौत के बाद सड़क पर फूटा परिजनों का गुस्सा

इस्लामपुर (नालंदा दर्पण)। इस्लामपुर थाना क्षेत्र के इचहोस तकियापर गांव की एक 25 वर्षीय गर्भवती महिला की इलाज के दौरान देर रात मौत हो जाने से इलाके में सनसनी फैल गई। आक्रोशित परिजनों ने महिला के शव को इस्लामपुर-पटना मुख्य सड़क पर नहर के पास बीच सड़क पर रखकर घंटों हंगामा और सड़क जाम किया। घटना की सूचना मिलते ही प्रशासन दल-बल के साथ मौके पर पहुंचा और हालात को नियंत्रित करने में जुट गया।

मृतका के पिता उपेंद्र विंद ने आरोप लगाया कि उनकी पुत्री अमरीकी कुमारी की शादी वर्ष 2017 में हरनौत थाना क्षेत्र के कीचनी गांव निवासी चांदिल कुमार से हुई थी। शादी के बाद एक बेटी का जन्म हुआ, जो वर्तमान में पांच वर्ष की है। अमरीकी कुमारी दूसरी बार गर्भवती थी और प्रसव पीड़ा होने पर बुधवार देर रात इस्लामपुर नहर के पास स्थित एक निजी चिकित्सा केंद्र में उसे भर्ती कराया गया था।

परिजनों का कहना है कि इलाज के दौरान चिकित्सकों और कर्मचारियों ने गंभीर लापरवाही बरती। हालत बिगड़ने पर बिना किसी समुचित जांच-पड़ताल और इलाज से संबंधित रिपोर्ट दिए महिला को एंबुलेंस से पटना रेफर कर दिया गया।

परिजनों का आरोप है कि पटना ले जाते समय ही रास्ते में महिला की मौत हो चुकी थी। जैसे ही एंबुलेंस पटना अस्पताल के पास पहुंची, साथ गया चिकित्सा कर्मी मौके से फरार हो गया। वहां के डॉक्टरों ने महिला को देखते ही मृत घोषित कर दिया।

इसके बाद परिजन शव को लेकर वापस उसी निजी चिकित्सा केंद्र पहुंचे और सवाल उठाया कि जब महिला की मौत पहले ही हो चुकी थी तो बिना जांच रिपोर्ट दिए रेफर क्यों किया गया। इलाज के दौरान दी गई दवाओं और जांच से संबंधित कागजात मांगने पर भी संतोषजनक जवाब नहीं मिला, जिससे परिजनों का गुस्सा और भड़क उठा।

गुस्साए परिजनों और ग्रामीणों ने शव को सड़क पर रखकर निजी चिकित्सा केंद्र के खिलाफ नारेबाजी शुरू कर दी। करीब चार घंटे तक सड़क जाम रहने से इस्लामपुर-पटना मुख्य मार्ग पर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं। बाद में अन्य परिजनों के पहुंचने और प्रशासन के हस्तक्षेप के बाद शव को वहां से हटाया गया, तब जाकर यातायात बहाल हो सका।

प्रशासन की ओर से मामले की जांच का आश्वासन दिया गया है। वहीं घटना के बाद इलाके में निजी चिकित्सा केंद्रों की कार्यप्रणाली और स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता पर एक बार फिर सवाल खड़े हो गए हैं।

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