“इस 1008 श्री चंडी महायज्ञ को लेकर पूरे क्षेत्र में उत्साह और आस्था का अद्भुत संगम देखने को मिल रहा है। आयोजकों ने अधिक से अधिक श्रद्धालुओं से कार्यक्रम में भाग लेकर पुण्य लाभ अर्जित करने की अपील की है…
कतरीसराय (नालंदा दर्पण)। कतरीसराय प्रखंड क्षेत्र के सुंदरपुर गांव में आयोजित श्री श्री 1008 श्री चंडी महायज्ञ सह महारानी प्राण प्रतिष्ठा के शुभारंभ के साथ ही पूरा इलाका भक्ति और आस्था के रंग में सराबोर हो गया है। महायज्ञ के पहले दिन भव्य कलश शोभायात्रा निकाली गई, जिसमें “जय माता दी” के जयघोष से पूरा वातावरण गूंज उठा।
ढोल-नगाड़ों और भक्ति गीतों के बीच निकली इस शोभायात्रा में 1111 महिलाओं एवं कन्याओं ने सिर पर कलश धारण कर भाग लिया। श्रद्धालुओं का उत्साह देखते ही बन रहा था। कलश में भरा पवित्र जल लालबिगहा सूर्य मंदिर स्थित तालाब से लाया गया, जिसे विधि-विधान के साथ यज्ञस्थल पर स्थापित किया गया। पूरे मार्ग में श्रद्धालु भक्ति गीत गाते और जयकारे लगाते नजर आए, जिससे क्षेत्र पूरी तरह धार्मिक माहौल में डूब गया।
आयोजन समिति के सदस्यों के अनुसार यह नौ दिवसीय महायज्ञ अखिल भारतीय महामंडलेश्वर श्री अर्तयामी शरण जी महाराज के सानिध्य में संपन्न हो रहा है। इस दौरान प्रसिद्ध कथावाचक अनिल जी महाराज (बाल व्यास जी) और देवी नेहा सरस्वती जी द्वारा प्रवचन किए जाएंगे, जिससे श्रद्धालु आध्यात्मिक ज्ञान का लाभ उठा सकेंगे।
इसके साथ ही स्वामी चितरंजन लाल शर्मा एवं श्री बज्र कला केंद्र रासलीला मंडली द्वारा भगवान वासुदेव के बाल स्वरूप की आकर्षक प्रस्तुति दी जाएगी, जो कार्यक्रम का विशेष आकर्षण बनी हुई है।
श्रद्धालुओं की सुविधा को ध्यान में रखते हुए आयोजन स्थल पर 24 घंटे भंडारे की व्यवस्था की गई है, जहां बड़ी संख्या में लोग प्रसाद ग्रहण कर रहे हैं।



