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पटना HC का बड़ा फैसला: JE पद के लिए BTech डिग्रीधारी अयोग्य

पटना हाईकोर्ट (HC) का यह फैसला भर्ती प्रक्रिया को लेकर न केवल बिहार बल्कि अन्य राज्यों की भर्ती नीतियों को भी प्रभावित कर सकता है। अब देखना है कि बीटेक (BTech) डिग्रीधारी उम्मीदवार इस फैसले को सुप्रीम कोर्ट में चुनौती देते हैं या नहीं…

बिहारशरीफ (नालंदा दर्पण)। पटना हाईकोर्ट (HC) ने एक महत्वपूर्ण फैसले में स्पष्ट कर दिया है कि बीटेक (BTech) डिग्रीधारी अभ्यर्थी बिहार सरकार के अधीन जूनियर इंजीनियर (JE) के पद के लिए योग्य नहीं होंगे। कोर्ट ने जल संसाधन विभाग बिहार द्वारा बनाए गए इंजीनियरिंग (सिविल) संवर्ग भर्ती नियम-2023 के तहत नियम 8(1)(ii) और (iii) को चुनौती देने वाली याचिका को खारिज कर दिया।

दरअसल राज्य सरकार ने एक नई भर्ती नीति लागू की थी। इसमें जूनियर इंजीनियर (सिविल) के पद के लिए केवल डिप्लोमा धारकों को ही आवेदन की पात्रता दी गई थी। इससे पहले बीटेक डिग्रीधारी उम्मीदवार भी इस पद के लिए आवेदन कर नियुक्त हो जाते थे। सरकार ने इसे रोकने के लिए 2023 में नया नियम लागू किया। इसमें बीटेक डिग्रीधारियों को अयोग्य घोषित कर दिया गया।

इस नियम को हाईकोर्ट में चुनौती दी गई थी। याचिकाकर्ताओं ने तर्क दिया कि बीटेक डिग्री डिप्लोमा से उच्च स्तर की योग्यता रखती है। इसलिए बीटेक धारियों को भी इस पद के लिए पात्र माना जाना चाहिए।

मुख्य न्यायाधीश न्यायमूर्ति आशुतोष कुमार और न्यायमूर्ति पार्थ सारथी की खंडपीठ ने सुनवाई के बाद 35 पन्नों का विस्तृत फैसला सुनाया। कोर्ट ने स्पष्ट किया कि–

योग्यता का निर्धारण करना सरकार का अधिकार हैः भर्ती प्रक्रिया में योग्यता तय करना सरकार और भर्ती प्राधिकरण का विषय है और न्यायिक समीक्षा के दायरे में नहीं आता।

डिप्लोमा ही निर्धारित योग्यता हैः सरकार द्वारा यह स्पष्ट किया गया कि जूनियर इंजीनियर के पद के लिए सिविल, मैकेनिकल और इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग में डिप्लोमा ही आवश्यक योग्यता होगी, बीटेक नहीं।

बीटेक डिग्री अलग स्तर की हैः  कोर्ट ने कहा कि बीटेक डिग्री को डिप्लोमा के समकक्ष नहीं माना जा सकता, क्योंकि यह एक उच्च योग्यता है और इसमें अलग स्तर की विशेषज्ञता की आवश्यकता होती है।

अब इस फैसले के बाद बीटेक डिग्रीधारी उम्मीदवार अब जूनियर इंजीनियर पद के लिए आवेदन नहीं कर पाएंगे। डिप्लोमा धारकों के लिए भर्ती प्रक्रिया अधिक पारदर्शी और समान अवसरों वाली होगी। भविष्य में सरकार भर्ती नियमों में और अधिक स्पष्टता ला सकती है।

Nalanda Darpan

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