खोज-खबर
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चंडी में फैलता ‘नशे का डोज’, पुलिस-प्रशासन और समाज के कर्णधार बेखबर
चंडी (नालंदा दर्पण)। कहते हैं कि इतिहास की किताबों में कई पन्ने दर्ज होते हैं, लेकिन कुछ पन्ने स्याही से नहीं, बल्कि एक पूरी पीढ़ी के टूटे हुए सपनों की किरचियों से लिखे जाते हैं। कहने को तो देश में ‘अमृतकाल’ चल रहा है। मतलब अमृत काल का नशा। लेकिन रूकिए…
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राजगीर दंगल प्रतियोगिता में दिखी देसी कुश्ती की धमक, मेरठ की तनु और पानीपत के रोहित बने चैंपियन
राजगीर (नालंदा दर्पण)। राजगीर मकर मेला के पावन अवसर पर आयोजित दो दिवसीय पारंपरिक दंगल प्रतियोगिता पूरे उत्साह, रोमांच और खेल भावना के साथ संपन्न हो गई। इस भव्य आयोजन ने न सिर्फ मकर मेला की रौनक को दोगुना किया, बल्कि पारंपरिक भारतीय कुश्ती को भी नई ऊर्जा और पहचान दी।…
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चिया सीड बना किसानों की नई उम्मीद, इस्लामपुर में चल रहा वैज्ञानिक परीक्षण
इस्लामपुर (नालंदा दर्पण)। बदलते समय के साथ खेती भी अब परंपरागत फसलों से आगे बढ़कर औषधीय और सुपरफूड की ओर कदम बढ़ा रही है। इसी कड़ी में मगही पान अनुसंधान केंद्र, मेडिसिन प्लांट इस्लामपुर में इन दिनों चिया सीड्स जैसे औषधीय गुणों वाले पौधे पर वैज्ञानिक परीक्षण किया जा रहा है।…
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बदहाली का प्रतीक बना 50 लाख का सामाजिक उत्थान पार्क, 21 फरवरी को CM ने किया था उद्घाटन
सिलाव (नालंदा दर्पण)। ग्रामीण विकास और सामाजिक सरोकारों का प्रतीक बनने वाला नानंद गांव का सामाजिक उत्थान पार्क आज बदहाली की कहानी कह रहा है। मनरेगा योजना के तहत करीब 50 लाख रुपये की लागत से निर्मित यह पार्क महज एक साल के भीतर ही उपेक्षा और लापरवाही का शिकार हो…
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उपेक्षा की मार झेलता अजातशत्रु स्तूप, धूमिल होती मगध की अमूल्य धरोहर
राजगीर (नालंदा दर्पण)। बौद्ध इतिहास और प्राचीन भारतीय सभ्यता की गौरवगाथा अपने भीतर समेटे ऐतिहासिक अजातशत्रु स्तूप आज घोर विभागीय उपेक्षा का शिकार बना हुआ है। मगध सम्राट अजातशत्रु की राजधानी रहे राजगीर में स्थित यह स्तूप उनके अस्थि कलश पर निर्मित बताया जाता है, जिसे बौद्ध धर्मावलंबियों के लिए अत्यंत…
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महिलाओं ने संभाली ई-रिक्शा की कमान, राजगीर की सड़कों पर दिखी आत्मनिर्भरता की नई तस्वीर
राजगीर (नालंदा दर्पण)। कभी जिन महिलाओं को केवल घर की चारदीवारी तक सीमित कर दिया जाता था, आज वही महिलाएं समाज की सोच बदलने की अगुवाई कर रही हैं। समय के साथ बदली मानसिकता और बढ़ते अवसरों ने महिलाओं को आत्मनिर्भर बनने का हौसला दिया है। इसका सशक्त उदाहरण आज वैश्विक…
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निगरानी की सुस्त चाल पर सवालः 11 साल बाद भी अधूरी जांच, फर्जी शिक्षकों का मामला फिर गरमाया
बिहारशरीफ (नालंदा दर्पण)। नालंदा जिले में फर्जी शिक्षकों का मामला एक बार फिर सुर्खियों में है। हैरानी की बात यह है कि पटना हाई कोर्ट के स्पष्ट निर्देश के बावजूद 11 वर्षों बाद भी फर्जी शिक्षकों की जांच पूरी नहीं हो सकी है। इस दौरान अधिकारी बदले, आदेश बदले, लेकिन व्यवस्था…
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HC-CS के आदेशों की धज्जियाँ, स्कूल मैदान में फिर लगा डिज्नीलैंड मेला!
इस्लामपुर (नालंदा दर्पण)। बिहार में अगर उच्च न्यायालय (HC) और प्रधान सचिव (CS) के आदेश भी ज़मीनी स्तर पर मज़ाक बन जाएं तो सवाल सिर्फ एक मेला का नहीं रह जाता, बल्कि सवाल कानून के अस्तित्व और सुशासन की साख का बन जाता है। नालंदा जिले के इस्लामपुर से सामने आया…
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सिलाव बाइपास फोरलेन पर डिवाइडर बना मछली मंडी, बच्चे मछलियाँ तौल रहे, प्रशासन मौन!
सिलाव (नालंदा दर्पण संवाददाता)। सरकार राजगीर को विश्वस्तरीय पर्यटन स्थल बनाने की लाख कोशिशें कर रही हों, लेकिन सिलाव बाइपास फोरलेन की हकीकत कुछ और ही बयाँ कर रही है। चार लेन की चमचमाती सड़क के ठीक बीचों-बीच बने डिवाइडर पर अब मछली मंडी सजने लगी है। तस्वीरें खुद गवाह हैं…
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यूं भगवान भरोसे चल रहा हैं नगरनौसा प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र!
नगरनौसा (नालंदा दर्पण संवाददाता)। सरकार स्वास्थ्य सेवाएं सुधारने का दावा भले ही करती रहे, लेकिन जमीनी हकीकत कुछ अलग ही कहानी बयां कर रही है। फिलहाल नगरनौसा प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र भगवान भरोसे चलता दिख रहा है। यहाँ के प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डॉक्टर धनेश प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र नगरनौसा न आकर पटना के…









