Thursday, January 15, 2026
अन्य

    शराबबंदी का सच: जब नशे में धुत्त युवक ने थाना को बनाया रंगमंच!

    बिहारशरीफ (नालंदा दर्पण)। बिहार में शराबबंदी की स्थिति ठीक वैसी ही है जैसे ‘लड्डू भी खाना है और वजन भी घटाना है!’ सरकारी आदेशों और पुलिसिया धरपकड़ के बावजूद शराब का अवैध धंधा तेजी से फल-फूल रहा है। रोज़ न जाने कितने शराबी धराए जाते हैं। लेकिन शराबबंदी की हकीकत को समझने के लिए आपको लहेरी थाना की इस दिलचस्प घटना को जानना होगा।

    दरअसल, लहेरी थाना पुलिस ने इसलामपुर निवासी राकेश कुमार को शराब के नशे की हालत में धर दबोचा। नशे में धुत्त राकेश पुलिस को देखकर पहले तो खुद को निर्दोष साबित करने के लिए कानून के लंबे-चौड़े प्रवचन देने लगा। लेकिन जब बात नहीं बनी तो वो सीधे ‘राजनीति कार्ड’ खेलते हुए सैल्यूट मारने लगा। उसने खुद को एक बड़ी पार्टी का समर्थक बताते हुए कहा, “आप जानते नहीं, हम कौन हैं!”

    थाने में पहुंचते ही उसकी नौटंकी ने नया मोड़ ले लिया। नशे में झूमते हुए उसने थाने को ही अपना मंच बना लिया और पुलिसवालों को ‘जनता का सेवक’ बताते हुए इंसाफ की मांग करने लगा। बात यहीं खत्म नहीं हुई! जब पुलिस ने कागजातों पर उसकी गिरफ्तारी की मुहर लगानी चाही तो राकेश ने उन्हें ऐसे फाड़ डाला जैसे पुरानी किताब की रद्दी हो।

    इसके बाद जब पुलिस उसे मेडिकल जांच के लिए सदर अस्पताल ले गई तो वहां उसने डॉक्टरों के सामने ‘हॉलीवुड स्टाइल’ में बेहोश होने का नाटक किया। लेकिन जब डॉक्टर ने “कौन-कौन सी उंगली दिख रही है?” का टेस्ट किया तो राकेश ने जवाब में कहा, “पांचों उंगलियां बराबर होती हैं!”

    थक-हारकर पुलिस ने आखिरकार उस पर हंगामा और सरकारी कार्य में बाधा डालने का मामला दर्ज कर दिया और न्यायालय के सुपुर्द कर दिया।

    अब सवाल यह है कि जब शराबबंदी के बावजूद शराब हर कोने में मिल रही है, तो इस पर नकेल कसने की असली जिम्मेदारी किसकी है? सरकार की, पुलिस की या उन लोगों की, जो चोरी-छुपे इसे पीकर कानून से आंख-मिचौली खेलते हैं? या फिर यह मान लिया जाए कि शराबबंदी बस एक सरकारी नाटक है और इसके असली पात्र तो हमारे समाज में ही बैठे हैं?

    Nalanda Darpanhttps://nalandadarpan.com/
    वरिष्ठ पत्रकार मुकेश भारतीय (Mukesh Bhartiy) पिछले 35 वर्षों से समाचार लेखक, संपादक और संचार विशेषज्ञ के रूप में सक्रिय हैं। उन्हें समसामयिक राजनीति, सामाजिक मुद्दों, स्थानीय समाचार और क्षेत्रीय पत्रकारिता पर गहरी पकड़ और विश्लेषणात्मक अनुभव है। वे तथ्य आधारित, निष्पक्ष और भरोसेमंद रिपोर्टिंग के माध्यम से पाठकों तक ताज़ा खबरें और सटीक जानकारी पहुँचाने के लिए जाने जाते हैं। एक्सपर्ट मीडिया न्यूज़ (Expert Media News) सर्विस द्वारा प्रकाशित-प्रसारित नालंदा दर्पण (Nalanda Darpan) के माध्यम से वे स्थानीय समाचार, राजनीतिक विश्लेषण और सामाजिक सरोकारों से जुड़े मुद्दों को प्रमुखता से उठाते हैं। उनका मानना है कि स्थानीय पत्रकारिता का उद्देश्य केवल खबर देना नहीं, बल्कि सच को जिम्मेदारी, प्रमाण और जनहित के साथ सामने रखना है। ताकि एक स्वस्थ समाज और स्वच्छ व्यवस्था की परिकल्पना साकार हो सके।

    LEAVE A REPLY

    Please enter your comment!
    Please enter your name here

    This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.

    The unsolved mysteries of the ancient Nalanda University राजगीर पांडु पोखर एक ऐतिहासिक पर्यटन धरोहर Rajgir Sone Bhandar is the world’s biggest treasure Artificial Intelligence is the changing face of the future