बिग ब्रेकिंग
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माँ आशापूरी मंदिरः ज्ञान की धरती पर अज्ञानता की प्रतीक !
बिहार शरीफ (नालंदा दर्पण डेस्क)। एक ओर हमारा समाज माँ देवी की अराधना करते हैं वहीं, दूसरी ओर इन्हीं महिलाओं को मंदिर में जाने से रोका भी जाता है। यह प्रथा आदि काल से ही चली आ रही है। इस प्रथा को स्वयं भगवान ने धरती पर आकर नहीं बनाया बल्कि…
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16 अगस्त 1942 को चंडी थाना पर पहली बार फहराया गया था तिरंगा
“आजादी के 73 साल बाद भी शहीद बिदेश्वरी सिंह की कोई प्रतिमा शहीद स्थल पर नहीं लग सकी है। यहां तक कि उनकी शहादत दिवस के एक दिन पहले ही उनके शहीद स्थल पर 15 अगस्त को हर साल झंडातोलन कर उन्हें याद किया जाता है। जबकि उनके गाँव में उनकी…
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जब खेत जा रहे हरिनारायण सिंह को पुलिस ने दबोचा था
“वर्तमान विधायक हरिनारायण सिंह नालंदा में लंबे समय से विधायक बनने का रिकार्ड कायम किए हुए है। अब तक 8 बार चंडी और हरनौत से निर्वाचित हो चुके हैं… नगरनौसा (नालंदा दर्पण)। 25 जून, 1975 की याद आज 44 साल बीत जाने के बावजूद भूलाई नहीं जाती।उन दिनों की दहशत भरी…

