नालंदाबिग ब्रेकिंगबिहार शरीफशिक्षा

बिहार बाल विज्ञान शोध कार्यक्रम 2024: नालंदा के 6 छात्रों ने बनाई राष्ट्रीय पहचान

नालंदा जिले के इन होनहार छात्रों की सफलता यह साबित करती है कि सही मार्गदर्शन और प्रोत्साहन मिलने पर बच्चे असंभव को भी संभव बना सकते हैं

बिहार शरीफ (नालंदा दर्पण)। बिहार राज्य स्तरीय बाल विज्ञान शोध कार्यक्रम 2024 (बिहार बाल विज्ञान शोध कार्यक्रम 2024) में नालंदा जिले के छह होनहार छात्रों ने अपनी प्रतिभा का लोहा मनवाते हुए राज्य स्तर पर जगह बनाई है। अब इन छात्रों के वैज्ञानिक मॉडल राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिता में शामिल किए जाएंगे।

यह कार्यक्रम 20 से 23 दिसंबर तक कुर्मा संस्कृतिक स्कूल जहानाबाद में आयोजित किया गया था। इस अवसर पर बिहार के राज्यपाल राजेंद्र विश्वनाथ आर्लेकर मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित थे।

उन्होंने चयनित छात्रों को मेडल और प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया। राज्यपाल ने बच्चों की सराहना करते हुए कहा कि विज्ञान में दुनिया को बदलने की शक्ति है। वैज्ञानिक प्रगति के माध्यम से ही कोई भी देश विकास कर सकता है। आज के ये नन्हे वैज्ञानिक भविष्य के बड़े वैज्ञानिक बनने की ओर अग्रसर हैं। उन्होंने बिहार के सभी 50 चयनित छात्रों को बधाई दी और उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की।

वहीं नालंदा जिले के 6 छात्रों का राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिता के लिए चयन होना जिले के लिए गर्व का विषय है। जिला शिक्षा पदाधिकारी राज कुमार ने इस अवसर पर छात्रों और उनके शिक्षकों को शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा, ‘नालंदा जिले में प्रतिभा की कोई कमी नहीं है। बच्चों को प्रोत्साहन और सहयोग देकर उन्हें उच्च स्तर पर सफलता दिलाई जा सकती है’।

जिला कोऑर्डिनेटर शैलेंद्र प्रसाद ने जानकारी दी कि जिले के छात्रों ने अपने वैज्ञानिक मॉडल्स के माध्यम से राज्य स्तर पर बेहतरीन प्रदर्शन किया है। जब अन्य जिलों से एक भी छात्र का चयन नहीं हो सका, तब नालंदा के छह छात्रों ने यह उपलब्धि हासिल कर मिसाल पेश की।

राष्ट्रीय स्तर के लिए चयनित नालंदा जिले के छात्र-छात्राओं में अर्णव आर्य– पीटीजेएम सरस्वती विद्या मंदिर राजगीर, अर्णव प्रतीक– पीटीजेएम सरस्वती विद्या मंदिर राजगीर, शांतनु रौशन– गुरुकुल विद्यापीठ, सिमरन पांडेय– शिवम रेजिडेंशियल पब्लिक स्कूल, स्वागत कुमार– सीता शरण मेमोरियल पब्लिक स्कूल भतहर, सदर आलम- मेमोरियल स्कूल का छात्र शामिल हैं। इसमें गुरुकुल विद्यापीठ को ‘बेस्ट जिला अवार्ड’ से सम्मानित किया गया है।

इन छात्रों की उपलब्धि ने न केवल उनके माता-पिता और शिक्षकों को गौरवान्वित किया है, बल्कि जिले के अन्य छात्रों में भी उत्साह और प्रेरणा का संचार किया है। जिला प्रशासन और शिक्षा विभाग ने इस सफलता को जिले की वैज्ञानिक प्रतिभा का प्रमाण बताया है।

अब इन छात्रों के मॉडल राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिता में भाग लेंगे, जो आने वाले महीनों में आयोजित होगी। जिला प्रशासन और शिक्षकों ने छात्रों को इस प्रतियोगिता के लिए प्रोत्साहित करने की बात कही है।

Nalanda Darpan

नालंदा दर्पण (Nalanda Darpan) के संचालक-संपादक वरिष्ठ पत्रकार मुकेश भारतीय (Mukesh Bhartiy) पिछले 35 वर्षों से समाचार लेखक, संपादक और संचार विशेषज्ञ के रूप में सक्रिय हैं। उन्हें समसामयिक राजनीति, सामाजिक मुद्दों, स्थानीय समाचार और क्षेत्रीय पत्रकारिता पर गहरी पकड़ और विश्लेषणात्मक अनुभव है। वे तथ्य आधारित, निष्पक्ष और भरोसेमंद रिपोर्टिंग के माध्यम से पाठकों तक ताज़ा खबरें और सटीक जानकारी पहुँचाने के लिए जाने जाते हैं। एक्सपर्ट मीडिया न्यूज़ (Expert Media News) सर्विस द्वारा प्रकाशित-प्रसारित नालंदा दर्पण (Nalanda Darpan) के माध्यम से वे स्थानीय समाचार, राजनीतिक विश्लेषण और सामाजिक सरोकारों से जुड़े मुद्दों को प्रमुखता से उठाते हैं। उनका मानना है कि स्थानीय पत्रकारिता का उद्देश्य केवल खबर देना नहीं, बल्कि सच को जिम्मेदारी, प्रमाण और जनहित के साथ सामने रखना है। ताकि एक स्वस्थ समाज और स्वच्छ व्यवस्था की परिकल्पना साकार हो सके। More »

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.

The unsolved mysteries of the ancient Nalanda University राजगीर पांडु पोखर एक ऐतिहासिक पर्यटन धरोहर Rajgir Sone Bhandar is the world’s biggest treasure Artificial Intelligence is the changing face of the future