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तरावीह का रूहानी समापन: मस्जिदे इमाम अबु हनीफा में गूंजा दुआ-ए-खैर और भाईचारे का पैगाम

बिहारशरीफ की मस्जिदे इमाम अबु हनीफा में तरावीह के रूहानी समापन पर मोहब्बत, भाईचारा और दुआ का असरदार संदेश।

बिहार शरीफ (नालंदा दर्पण)। नालंदा जिला मुख्यालय बिहारशरीफ के मोहल्ला असल गढ़ी (निकट सालूगंज नवाब रोड) स्थित मस्जिदे इमाम अबु हनीफा में रमज़ानुल मुबारक की 5वीं तारीख को तरावीह का एक मुकम्मल दौर ख़ुशनुमा और रूहानी माहौल में संपन्न हुआ। इस अवसर पर बड़ी तादाद में नमाज़ियों ने शिरकत कर अल्लाह की इबादत की और कुरआन की तिलावत से पूरा इलाक़ा नूरानी फिज़ा में सराबोर हो गया।

तरावीह की नमाज़ की इमामत सूफी सय्यद शाह मोहम्मद महताब आलम चिश्ती निजामी ने की, जो ख़ानकाह चिश्तिया फरीदिया, चाँदपुरा (बिहार शरीफ) के साहिबे सज्जादा हैं तथा सूफी ख़ानकाह एसोसिएशन, बिहार प्रदेश के अध्यक्ष भी हैं।

उन्होंने तरावीह के बाद अपने खिताब में रमज़ान और कुरआन की फ़ज़ीलत पर रोशनी डालते हुए कहा कि यह महीना इंसान को सब्र, परहेज़गारी और नेकी की राह पर चलने की तालीम देता है। उन्होंने आपसी मोहब्बत, भाईचारे और इंसानियत को मज़बूत करने की अपील की।

इसके बाद मस्जिद के इमाम मौलाना हैदर रहमानी ने कुरआन पाक की अज़मत और उसकी अहमियत पर विस्तृत बयान दिया। उन्होंने कहा कि रमज़ान केवल रोज़ा रखने का नाम नहीं, बल्कि आत्मशुद्धि, आत्ममंथन और समाज में सौहार्द स्थापित करने का महीना है।

कार्यक्रम के समापन पर पूरे उम्मते मुस्लिमा की तरक्की, मुल्क में अमन-चैन, खुशहाली और इंसाफ़ कायम रहने के लिए ख़ुसूसी दुआ की गई। दुआ के बाद उपस्थित नमाज़ियों के बीच मिठाइयों का वितरण किया गया, जिससे माहौल में अपनापन और सौहार्द की मिठास घुल गई।

इस अवसर पर प्रोफेसर सय्यद शाहिद हुसैन, सामाजिक कार्यकर्ता मुन्ना सिद्दीकी, शम्स जमाल, मुज़फ्फर एडवोकेट, मोहम्मद डब्लू, मोहम्मद मुमताज़, मोहम्मद आरिफ, मोहम्मद हामिद, सूफी ख़ानकाह एसोसिएशन बिहार प्रदेश के मीडिया प्रभारी तालिब फिरदौसी, मोहम्मद राजू, शम्स तबरेज़, मोहम्मद शादाब, मोहम्मद यूसुफ, मोहम्मद बब्बन, हाफ़िज़ शम्स तबरे, आसिफ खान, आरिफ खान, मोहम्मद बाबर, रहमान बनौलिया, मोहम्मद आबिद, सलीम टेलर सहित कई गणमान्य लोग मौजूद रहे।

रमज़ान के इस पवित्र माह में मस्जिदे इमाम अबु हनीफा से उठी दुआओं की गूंज ने यह पैगाम दिया कि इबादत के साथ-साथ इंसानियत और मोहब्बत ही समाज की असली ताकत है।

Nalanda Darpan

वरिष्ठ पत्रकार मुकेश भारतीय (mukesh bhartiy) पिछले तीन दशक से राजनीति, अर्थ, अधिकार, प्रशासन, पर्यावरण, पर्यटन, धरोहर, खेल, मीडिया, कला, संस्कृति, मनोरंजन, रोजगार, सरकार आदि को लेकर स्थानीय, राष्ट्रीय एवं वैश्विक स्तर पर बतौर कंटेंट राइटर-एडिटर सक्रिय हैं।

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