पटना-नालंदा में 2-2 केंद्रीय विद्यालय खोलने की कवायद

बिहारशरीफ (नालंदा दर्पण)। केंद्र सरकार ने बिहार में 16 नए केंद्रीय विद्यालय (केवी) खोलने की महत्वाकांक्षी योजना को हरी झंडी दे दी है। इस योजना के तहत पटना और नालंदा जिले विशेष रूप से चर्चा में हैं, जहां दोनों जिलों में दो-दो नए केंद्रीय विद्यालय स्थापित किए जाएंगे। इस कदम से बिहार में केंद्रीय विद्यालयों की कुल संख्या बढ़कर 69 हो जाएगी, जिससे लाखों छात्रों को गुणवत्तापूर्ण और किफायती शिक्षा का अवसर मिलेगा।

शिक्षा विभाग के सूत्रों के अनुसार पटना के दीघा और वाल्मी क्षेत्रों को नए केंद्रीय विद्यालयों के लिए प्राथमिकता दी गई है। वहीं प्राचीन काल से ही शिक्षा का गढ़ नालंदा में भी दो नए विद्यालय खोले जाएंगे। यह निर्णय न केवल शहरी क्षेत्रों में बल्कि ग्रामीण इलाकों में भी शिक्षा के स्तर को ऊंचा उठाने की दिशा में एक बड़ा कदम है।

शिक्षा विभाग के सचिव ने 14 जिलों के जिलाधिकारियों (डीएम) को पत्र लिखकर स्कूलों के लिए उपयुक्त जमीन की उपलब्धता और सर्वेक्षण रिपोर्ट तत्काल जमा करने का निर्देश दिया है। यह प्रक्रिया पूरी होने के बाद केंद्र सरकार की अंतिम मंजूरी मिलते ही निर्माण कार्य शुरू हो जाएगा।

केंद्रीय विद्यालय संगठन (केवीएस) के तहत संचालित ये स्कूल अपनी उत्कृष्ट शैक्षणिक गुणवत्ता, अनुशासित माहौल और आधुनिक सुविधाओं के लिए पूरे देश में प्रसिद्ध हैं। बिहार में वर्तमान में 53 केंद्रीय विद्यालय संचालित हैं, जहां लाखों बच्चे शिक्षा ग्रहण कर रहे हैं। नए विद्यालयों के खुलने से न केवल छात्रों की संख्या बढ़ेगी, बल्कि ग्रामीण और कम सुविधा वाले क्षेत्रों के बच्चों को भी बेहतर शिक्षा का अवसर मिलेगा।

नए विद्यालयों की स्थापना के लिए जमीन की उपलब्धता और बुनियादी सुविधाओं का आकलन सबसे महत्वपूर्ण है। इसके लिए सभी संबंधित जिलाधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि वे अपने-अपने जिलों में उपयुक्त जमीन की पहचान करें। शिक्षा विभाग ने यह भी स्पष्ट किया है कि स्कूलों के लिए ऐसी जगहों का चयन किया जाए, जहां पानी, बिजली और सड़क जैसी बुनियादी सुविधाएं आसानी से उपलब्ध हो सकें।

केवीएस ने यह भी संकेत दिया है कि नए विद्यालयों में आधुनिक सुविधाएं जैसे स्मार्ट क्लासरूम, लाइब्रेरी और खेल के मैदान उपलब्ध कराए जाएंगे। साथ ही इन स्कूलों में पर्यावरण संरक्षण और डिजिटल शिक्षा पर विशेष जोर दिया जाएगा।

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