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हेडमास्टर घोटाला का पर्दाफाश: कई अफसरों की गर्दन फंसना तय

बिहारशरीफ (नालंदा दर्पण)। नालंदा जिले में हेडमास्टर घोटाला का मामला तूल पकड़ता जा रहा है। इस मामले में जांच की आंच अब बड़े अधिकारियों तक पहुंचती दिख रही है। पिछले वर्ष जिले में 242 हेडमास्टरों के स्थानांतरण को लेकर हुए अनियमितता के आरोपों के बाद अब सामान्य प्रशासन विभाग और आर्थिक अपराध इकाई ने इस मुद्दे को गंभीरता से लिया है।

बताया जाता है कि जिलाधिकारी (DM) शशांक शुभंकर को इस मामले में अपर जिला दंडाधिकारी (ADM) मंजीत कुमार की रिपोर्ट की समीक्षा करने और विस्तृत जांच रिपोर्ट भेजने का निर्देश दिया गया है। इसे लेकर डीएम ने जिला उप विकास आयुक्त (DDC) की अध्यक्षता में तीन सदस्यीय जांच कमेटी का गठन किया है। जिसे तीन दिनों के भीतर रिपोर्ट सौंपने को कहा गया है।

रोक के बाबजूद जारी हुआ आदेशः माध्यमिक शिक्षा निदेशक ने 11 नवंबर 2023 को एक आदेश जारी कर स्पष्ट किया था कि राज्य के सरकारी, सरकारीकृत, परियोजना, उत्क्रमित मध्य एवं माध्यमिक, उच्चतर माध्यमिक विद्यालयों के शिक्षकों और शिक्षकेत्तर कर्मियों का स्थानांतरण, पदस्थापन और प्रतिनियुक्ति प्रतिबंधित रहेगा।

इसी तरह प्राथमिक शिक्षा निदेशक ने 20 सितंबर 2023 के बाद शिक्षकों की प्रोन्नति पर भी रोक लगा दी थी। लेकिन इसके बावजूद जिला शिक्षा पदाधिकारी (DEO) ने 13 मार्च 2024 को 242 हेडमास्टरों का स्थानांतरण कर दिया। इसे लेकर शिकायतकर्ता ने आर्थिक अपराध इकाई और सामान्य प्रशासन विभाग को आवेदन देकर जांच की मांग की थी।

एडीएम की रिपोर्ट पर भी उठे संदेहः डीएम ने पहले इस मामले की जांच एडीएम मंजीत कुमार को सौंपी थी, लेकिन उनकी रिपोर्ट में जिला शिक्षा पदाधिकारी (DEO) और जिला कार्यक्रम पदाधिकारी (DPO) स्थापना को क्लीन चिट दे दी गई थी। इसके बाद शिकायतकर्ता ने जांच रिपोर्ट पर सवाल खड़े किए और रिपोर्ट को भ्रामक बताते हुए दोबारा निष्पक्ष जांच की मांग की। साथ ही गलत जांच रिपोर्ट सौंपने वाले अधिकारियों पर भी कार्रवाई की मांग उठाई गई है।

अब जब यह मामला आर्थिक अपराध इकाई और सामान्य प्रशासन विभाग तक पहुंच गया है तो यह तय माना जा रहा है कि कई अधिकारियों की मुश्किलें बढ़ने वाली हैं। प्रशासनिक स्तर पर हो रही हलचल से यह साफ है कि जांच में गड़बड़ी साबित हुई तो दोषियों पर बड़ी कार्रवाई तय है।

Nalanda Darpan

वरिष्ठ पत्रकार मुकेश भारतीय (mukesh bhartiy) पिछले तीन दशक से राजनीति, अर्थ, अधिकार, प्रशासन, पर्यावरण, पर्यटन, धरोहर, खेल, मीडिया, कला, संस्कृति, मनोरंजन, रोजगार, सरकार आदि को लेकर स्थानीय, राष्ट्रीय एवं वैश्विक स्तर पर बतौर कंटेंट राइटर-एडिटर सक्रिय हैं।

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