सिलाव नगर में ढोल-नगड़ा बजाकर अफसरों की निकाली शव यात्रा
सिलाव नगर पंचायत में हुआ यह विरोध प्रदर्शन न केवल स्थानीय प्रशासन की नाकामी को उजागर करता है, बल्कि नगरवासियों के एकजुट होने और अपने हक के लिए आवाज उठाने की भावना को भी दर्शाता है…
राजगीर (नालंदा दर्पण)। सिलाव नगर पंचायत में व्याप्त भ्रष्टाचार और मूलभूत सुविधाओं की कमी को लेकर नगरवासियों ने जोरदार विरोध प्रदर्शन किया। सैकड़ों की संख्या में पुरुष और महिला नगरवासी सड़कों पर उतरे और नगर पंचायत के अध्यक्ष, उपाध्यक्ष एवं कार्यपालक अधिकारी के खिलाफ नारेबाजी करते हुए पुतला शव यात्रा निकाली, जिसका समापन पुतला शव दहन के साथ हुआ।
विरोध प्रदर्शन की शुरुआत नगर के वार्ड संख्या 09 कराह डीह मोहल्ले से हुई, जहां बड़ी संख्या में लोग एकजुट हुए। प्रदर्शनकारियों ने भ्रष्टाचार और प्रशासनिक लापरवाही के खिलाफ नारे लगाए और पुतला शव यात्रा निकाली, जो सिलाव बाईपास रोड पर जाकर समाप्त हुई। बाईपास रोड पर भ्रष्टाचार और लापरवाही के प्रतीक के रूप में पुतले को जलाकर नगरवासियों ने अपना आक्रोश व्यक्त किया। इस दौरान प्रदर्शन पूरी तरह शांतिपूर्ण रहा, और कहीं भी अनुशासनहीनता की कोई घटना सामने नहीं आई।
प्रदर्शनकारियों का कहना है कि सिलाव नगर पंचायत प्रशासन द्वारा वर्षों से नगर के विकास कार्यों की अनदेखी की जा रही है। उन्होंने बताया कि कई बार लिखित और मौखिक शिकायतों के बावजूद प्रशासन ने कोई ठोस कदम नहीं उठाया। सड़कों की जर्जर हालत, जलजमाव की समस्या, स्वच्छ पेयजल की कमी और कचरे के ढेर जैसी समस्याएं नगरवासियों के लिए रोजमर्रा की परेशानी का कारण बनी हुई हैं। इन समस्याओं के प्रति प्रशासन की उदासीनता ने लोगों में भारी आक्रोश पैदा कर दिया है।
प्रदर्शनकारियों ने अपनी मांगों को स्पष्ट करते हुए कई बिंदुओं पर तत्काल कार्रवाई की मांग की है।
सड़क निर्माण और मरम्मत: सिलाव से कराह डीह तक सड़क की मरम्मत और निर्माण कार्य शीघ्र पूरा किया जाए।
नाला निर्माण: सिलाव से कराह डीह तक नाला निर्माण कराया जाए ताकि जलजमाव की समस्या से निजात मिले।
स्वच्छ पेयजल: वार्ड संख्या 14 के मुसहरी टोला में स्वच्छ पेयजल की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए।
जलजमाव की समस्या का समाधान: वार्ड संख्या 10 में लंबे समय से हो रही जलजमाव की समस्या का स्थायी समाधान किया जाए।
नाले का गंदा पानी: सिलाव बाईपास पर नाले का गंदा पानी सड़क पर बह रहा है, जिसे तत्काल रोका जाए।
कचरा प्रबंधन: नगर पंचायत द्वारा मुख्य सड़क पर डाले गए कचरे को तुरंत हटाया जाए।
नल-जल योजना: नल-जल योजना के तहत पानी की आपूर्ति दिन में तीन बार और निश्चित समय पर सुनिश्चित की जाए।
इस विरोध प्रदर्शन में बड़ी संख्या में नगरवासी शामिल थे। उनमें राजेश कुमार गौतम, मोहम्मद इसराफील, चंद्रशेखर सिंह, शियासरण प्रसाद, अनुराग पांडे, पंकज कुमार गौतम, मानसून कुमार, विनोद सिंह, संतोष रजक, मोहम्मद सफीक, मरगज, आइयाज, शौकत अकेला आदि लोग शामिल हैं।
प्रदर्शनकारियों ने यह भी स्पष्ट किया कि यह विरोध प्रदर्शन उनकी मांगों को उठाने की शुरुआत मात्र है। यदि नगर पंचायत प्रशासन ने उनकी समस्याओं का समाधान नहीं किया, तो वे भविष्य में और बड़े स्तर पर आंदोलन करेंगे। उन्होंने प्रशासन से मांग की कि वह उनकी समस्याओं को गंभीरता से ले और तत्काल कार्रवाई शुरू करे।
बहरहाल, सिलाव नगर पंचायत में हुआ यह विरोध प्रदर्शन न केवल स्थानीय प्रशासन की नाकामी को उजागर करता है, बल्कि नगरवासियों के एकजुट होने और अपने हक के लिए आवाज उठाने की भावना को भी दर्शाता है। यह प्रदर्शन एक शांतिपूर्ण और अनुशासित तरीके से संपन्न हुआ, जिसने स्थानीय प्रशासन को यह संदेश दिया कि जनता अब अपनी समस्याओं के प्रति उदासीनता बर्दाश्त नहीं करेगी।





