नालंदाबिग ब्रेकिंगराजनीतिहिलसा

चंडी पंचायत समिति की सामान्य बैठक जल्द बुलाने की माँग, क्योंकि…

चंडी (नालंदा दर्पण)। चंडी प्रखंड में पिछले छह माह से पंचायत समिति की सामान्य बैठक नही होने से नाराज एक गुट के पंचायत समितियों ने जल्द बैठक बुलाने को लेकर पंचायत राज पदाधिकारी को आवेदन दिया है।

पंचायत समिति सदस्य दया यादव, अनिल कुमार, कमलेश कुमार सहित अन्य पंचायत समिति सदस्य ने बताया कि  पिछले छह माह से पंचायत समिति की सामान्य बैठक नही हुई है। दो साल गुजरने को है। इस दो साल में महज दो ही बार पंचायत समिति की बैठक हुई है।

पंचायत समिति की बैठक में अधिकारी से लेकर जनप्रतिनिधि भाग लेते है। हर तीन माह पर होने वाला बैठक में जनता की समस्या, विकास एजेंडा सहित अन्य मुद्दों पर चर्चा होती है। मगर न तो अधिकारी बैठकों को लेकर कोई रुचि दिखा रही है और न ही प्रमुख व जनप्रतिनिधि।

इस कारण चंडी प्रखंड की ना तो जनता की मुद्दों का हल निकल रही है और ना ही प्रखंड क्षेत्र में विकास की गति पकड़ रही है। बैठक नही होने से पंचायत में राज्य सरकार और केंद्र सरकार की कौन सी योजना चल रही है हम सदस्यों को मालूम नहीं है।

बता दें कि पंचायत समिति की पिछली बैठक 7 फरवरी को हुई थी। जिसमें हर तीन माह पर पंचायत समिति की बैठक करने को लेकर सभी सदस्यों ने मुद्दा उठाया था। जिसमें पारित किया गया था कि हर तीन माह पर पंचायत समिति की बैठक की जाएगी।

Nalanda Darpan

नालंदा दर्पण (Nalanda Darpan) के संचालक-संपादक वरिष्ठ पत्रकार मुकेश भारतीय (Mukesh Bhartiy) पिछले 35 वर्षों से समाचार लेखक, संपादक और संचार विशेषज्ञ के रूप में सक्रिय हैं। उन्हें समसामयिक राजनीति, सामाजिक मुद्दों, स्थानीय समाचार और क्षेत्रीय पत्रकारिता पर गहरी पकड़ और विश्लेषणात्मक अनुभव है। वे तथ्य आधारित, निष्पक्ष और भरोसेमंद रिपोर्टिंग के माध्यम से पाठकों तक ताज़ा खबरें और सटीक जानकारी पहुँचाने के लिए जाने जाते हैं। एक्सपर्ट मीडिया न्यूज़ (Expert Media News) सर्विस द्वारा प्रकाशित-प्रसारित नालंदा दर्पण (Nalanda Darpan) के माध्यम से वे स्थानीय समाचार, राजनीतिक विश्लेषण और सामाजिक सरोकारों से जुड़े मुद्दों को प्रमुखता से उठाते हैं। उनका मानना है कि स्थानीय पत्रकारिता का उद्देश्य केवल खबर देना नहीं, बल्कि सच को जिम्मेदारी, प्रमाण और जनहित के साथ सामने रखना है। ताकि एक स्वस्थ समाज और स्वच्छ व्यवस्था की परिकल्पना साकार हो सके। More »