समस्या
-

दाउदपुर-इनायतपुर सड़क की बदहाली: जनता परेशान, प्रशासन मौन
बेन (नालंदा दर्पण)। बेन प्रखंड क्षेत्र के दाउदपुर से इनायतपुर को जोड़ने वाली सड़क की हालत इतनी दयनीय हो चुकी है कि पैदल चलना भी जोखिम भरा हो गया है। मुख्यमंत्री ग्राम सड़क योजना के तहत वर्ष 2016 में निर्मित इस सड़क की गिट्टियां उखड़ चुकी हैं, जिससे राहगीरों को गंभीर…
-

नालंदा सहित 26 जिलों के संस्कृत विद्यालयों को शिक्षकों का दंश
बिहारशरीफ (नालंदा दर्पण)। नालंदा सहित बिहार के 26 जिलों में स्थित संस्कृत विद्यालय शिक्षकों की कमी के कारण गंभीर संकट का सामना कर रहे हैं। इस अभाव ने इन विद्यालयों में पठन-पाठन को पूरी तरह ठप कर दिया है, जिससे बच्चों की शिक्षा पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ रहा है। पिछले तीन…
-

एक कमरे के प्राइमरी स्कूल में सभी वर्ग के 96 बच्चों की पढ़ाई!
बिहारशरीफ (नालंदा दर्पण)। नूरसराय प्रखंड के दाउदपुर प्राइमरी स्कूल में 96 बच्चे पढ़ाई कर रहे हैं, लेकिन हैरानी की बात यह है कि यह स्कूल केवल एक कमरे का है। इस एकमात्र कमरे में सभी कक्षाओं (पहली से पांचवीं) की पढ़ाई होती है, जिसके कारण बच्चों को भारी असुविधा का सामना…
-

ग्रामीणों ने लोकायन नदी के तटबंध मरम्मत कार्य को रुकवाया
हिलसा (नालंदा दर्पण)। झारखंड में भारी बारिश के कारण फल्गु नदी में अचानक जल स्तर बढ़ने से हिलसा अनुमंडल के एकंगरसराय, हिलसा और करायपरसुराय प्रखंडों के आधा दर्जन पंचायतों से होकर गुजरने वाली लोकायन नदी में बाढ़ आ गई। इस बाढ़ के कारण नदी के कई तटबंध टूट गए। जिससे कई…
-

सर्वर डाउन होने से नालंदा में जमीन रजिस्ट्री कार्य बाधित, लोग परेशान
बिहारशरीफ (नालंदा दर्पण)। नालंदा जिले के निबंधन कार्यालयों में इन दिनों जमीन रजिस्ट्री का काम पूरी तरह ठप पड़ा है। यूनिक आइडेंटिफिकेशन अथॉरिटी ऑफ इंडिया (यूआईडीएआई) का सर्वर लगातार डाउन होने के कारण आधार मिलान (ई-केवाईसी) प्रक्रिया रुक गई है। जिससे रजिस्ट्री की फाइलें अटक गई हैं। इस तकनीकी खराबी ने…
-

ऐसे पढ़ेंगे बच्चे? भवन एक, स्कूल दो, कमरा एक और कक्षाएं तीन!
बिहारशरीफ (नालंदा दर्पण)। शिक्षा का अधिकार और बच्चों के उज्ज्वल भविष्य की गूंज देश भर में सुनाई देती है, लेकिन बिहारशरीफ नगर के नईसराय मुहल्ला में स्थित एक सरकारी स्कूल की स्थिति इन दावों की पोल खोलती है। यहां एक ही भवन में दो विद्यालय प्राथमिक विद्यालय और कन्या मध्य विद्यालय…
-

डिजिटल भूमि प्रबंधन योजना: ई-मापी में समय सीमा का पालन प्रक्रिया सुस्त
बिहारशरीफ (नालंदा दर्पण)। बिहार सरकार की महत्वाकांक्षी डिजिटल भूमि प्रबंधन योजना ई-मापी को पारदर्शी और समयबद्ध बनाने की मंशा के बावजूद नालंदा जिले में यह प्रक्रिया सुस्त गति से चल रही है। प्रशासनिक उदासीनता, कमजोर निगरानी और जन-जागरूकता की कमी के कारण हजारों आवेदकों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा…
-

अतिक्रमण की भेंट चढ़ रही गांव की सड़कें और गलियां
बेन (नालंदा दर्पण)। सड़कें और गलियाँ जनता के सुगम आवागमन के लिए बनाई जाती हैं, लेकिन ग्रामीण क्षेत्रों में ये अतिक्रमण की भेंट चढ़ रही हैं। प्रखंड के किसी भी गाँव की गलियों का दौरा करें, तो शायद ही कोई गली अतिक्रमण से अछूती मिले। यही हाल प्रखंड मुख्यालय की सड़कों…
-

मुहाने नदी का मुंह खोलने की कवायद शुरू, डीपीआर तैयार
चंडी (नालंदा दर्पण)। नालंदा जिले की मुहाने नदी कभी सालभर पानी से लबालब रहती थी। लेकिन अब वह खुद सूखे की चपेट में है। पिछले कई दिनों से हो रही मूसलाधार बारिश के बावजूद इस नदी में पानी की एक बूंद तक नहीं पहुंच रही है। जिससे चंडी, हरनौत, एकंगरसराय, रहुई,…
-

लोक भूमि अतिक्रमण से राजगीर की सुंदरता और विकास पर खतरा
राजगीर (नालंदा दर्पण)। अंतर्राष्ट्रीय पर्यटन नगरी राजगीर इन दिनों लोक भूमि अतिक्रमण की गंभीर समस्या से जूझ रहा है। यह समस्या न केवल शहर की सुंदरता और पर्यटन विकास के लिए बाधक बन रही है, बल्कि स्थानीय प्रशासन की निष्क्रियता और लापरवाही को भी उजागर करती है। शहर के प्रमुख स्थानों…









