ACS डॉ. एस. सिद्धार्थ ने शिक्षकों के नाम दिया बड़ा संदेश

नालंदा दर्पण डेस्क। बिहार शिक्षा विभाग के अपर मुख्य सचिव (ACS) डॉ. एस. सिद्धार्थ ने शिक्षकों के नाम एक बड़ा संदेश जारी किया है। जिसकी सोशल मीडिया पर खूब चर्चा हो रही है।

उन्होंने अपने संदेश में लिखा है कि हमारी संस्कृति और परंपरा ‘मातृ देवो भव’ ‘पितृ देवो भव’ के साथ साथ ‘आचार्य हदेवी संस्कृती की है। पयात गत देवो स्थानं मात देता केव कामाची सूज या आर्य सम्मानीय रहा है। यह स्पष्ट करता है कि बच्चों के व्यक्तित्व पर एक शिक्षक का छाप उतना ही गहरा है, जितना कि उनके माता-पिता का।

जिस प्रकार माता-पिता अपने बच्चों की देखभाल करते हैं, ठीक उसी प्रकार शिक्षक भी बच्चों के बौद्धिक विकास के लिए प्रयत्नशील रहते हैं। शिक्षक अपने छात्रों की क्षमता और योग्यता को पहचान कर उन्हें उनके सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन के लिए प्रोत्साहित करते हुए उन्हें एक सशक्त नागरिक के रूप में तैयार करते हैं।

बच्चों में भाषा और गणित के बुनियादी कौशलों को विकसित करने के लिए ‘मिशन निपुण बिहार’ कार्यक्रम संचालित किया जा रहा है, जिसके तहत छोटे बच्चों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षण उपलब्ध करवाने के कई प्रयास किए जा रहे हैं। छात्र-शिक्षक अनुपात को कम करने के लिए शिक्षकों की बहाली की गई है।

सभी शिक्षकों को आधुनिक तरीकों से प्रशिक्षित किया जा रहा है। पाठ्यचर्या में बदलाव किए जा रहे हैं। मूल्यांकन प्रणाली मजबूत की जा रही है और विद्यालय तत्परता कार्यक्रम को मजबूती से लागू किया जा रहा है।

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4 Comments

  1. Sir teacher ke bare me v socha jaye gents to south to north gaye hi hain ladies ko v utna dur bhejna kuch iske bare me socha jaye taki wo school ke sath sath apne bacho ko v sambhal sake

  2. Aaj ke shikshak guru nahi balki guru ghantal h jo hamesha bachho ke bhavishya ke sath khelta h. Vartmaan me sirf navaniyukt shikshak hi thore bahut bachhon ko padhate h baki sare niyojit shikshak gutkha, tambaaku kate hue sirf kurshi torte rahte h.

    1. Sahi kaha ajkal aap jaisa hi bap ko bap nahi kahata balki budhawa kahata hai to shikshak ko ghantalal kyo nahi kahega rah gaya bachcho ko padhai ka to 20 sal se kitane top kiya hai kitane har vibhag me naukari kar raha hai sarkar ka kam kisi se nahi hota hai to niyojit teacher hi karate the jabab to bahut hai but har vibhag me thora bahut kamajor karamchari hota hai

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