चंडी पश्चिमी जिला परिषदः पुराने दिग्गजों को इस बार कड़ी टक्कर देंगे नये चेहरे

2016 पंचायत चुनाव के मुकाबले इस बार का चुनाव काफी दिलचस्प होने वाला है। कई दिग्गज अपनी पत्नी को सियासी पिच पर बल्लेबाजी के लिए उतार रहे हैं। परिदृश्य भी धीरे-धीरे साफ हो रहा है।पुराने दिग्गजों को नये चेहरे मैदान में उतरते हुए टक्कर देंगे। चंडी पश्चिमी से इस बार हाउस वाइफ से लेकर पीएचडी डिग्री वाले उम्मीदवार भी मैदान में हैं

नालंदा दर्पण डेस्क। वैसे चंडी प्रखंड में त्रि-स्तरीय पंचायत को लेकर माहौल बनने लगा है। लेकिन इस बार प्रखंड के लोगों की सबसे ज्यादा नजर जिला परिषद के चुनाव पर रहेंगी। वो भी प्रखंड के पश्चिमी निर्वाचन क्षेत्र पर। जहां चुनाव मैदान में प्रत्याशियों के आने की होड़ मची हुई है।

Chandi Western Zilla Parishad New faces will give tough competition to old veterans this time 1चंडी प्रखंड के पश्चिमी जिला परिषद से इस बार दिग्गजों के घरों से उम्मीदवार निकलकर आ रहें है। वर्तमान सदस्य अनिता सिन्हा फिर से चुनाव मैदान में हैं तो वहीं इस बार कई महारथी की पत्नी भी मैदान में होगी, जिनमें हरनौत विधानसभा से कांग्रेस की उम्मीदवार रह चुकी और पूर्व प्रमुख डॉ वसुंधरा कुमारी भी मैदान में आ रही हैं।

वह चंडी प्रखंड के दिग्गज मुखिया रहे दिनेश कुमार की पत्नी हैं। वहीं चंडी प्रखंड के जाने-माने समाजसेवी और जेपी आंदोलनकारी सुखदेव प्रसाद के भतीजे शंभू कुमार की पत्नी निशू कुमारी लगातार तीसरी बार चुनाव मैदान में आ रही है।

लेकिन इस बार सबसे नया चेहरा मैदान में आ रहा है वो है जिले के संवेदक प्रेम कुमार सिन्हा की पत्नी पिंकी कुमारी। सभी महीने पहले से जनसंपर्क अभियान में ज़ोर शोर से लगे हुए हैं। हालांकि चंडी प्रखंड में चुनाव 15 नवम्बर को होना है।

चंडी पश्चिमी जिला परिषद सीट पर अगर उम्मीदवारों की शैक्षणिक योग्यता देखें तो चंडी प्रखंड की पूर्व प्रमुख और जदयू की प्रदेश सचिव डॉ. वसुंधरा कुमारी मगध विश्वविद्यालय से पीएचडी धारक हैं।

चंडी प्रखंड की एक कर्मठ और सामाजिक बदलाव की सजग प्रहरी के रूप में डॉ. वसुंधरा कुमारी का नाम अग्रणी है। जिंदगी में कुछ कर गुजरने की जज्बा लेकर जब कोई महिला राजनीति में अपना वर्चस्व कायम करती है तो उसकी एक अलग छवि निखर कर आती है। जोश और जुनून से लबरेज डॉ. वसुंधरा कुमारी ने राजनीति में अपने बल पर एक खास उपस्थिति दर्ज कराई है।

डॉ वसुंधरा कुमारी ने अपनी प्रारम्भिक पढ़ाई स्नातक तक चंडी से करने के बाद नालंदा ओपन यूनिवर्सिटी से एम और मगध विश्वविद्यालय से पीएचडी की डिग्री हासिल की।

बिना किसी राजनीतिक परिवार से आई और उन्होंने वर्ष 2001 में चंडी के महकार पंचायत से पंचायत समिति का चुनाव लड़ा और जीती ही नहीं, बल्कि प्रखंड प्रमुख की कुर्सी भी हासिल की। इनके पति दिनेश कुमार भी 2011 में इस पंचायत से मुखिया भी रह चुके हैं।

डॉ. वसुंधरा कुमारी पंचायत की राजनीति के बाद मुख्य धारा की राजनीति में आ गई। जहां से उन्होंने पीछे मुड़कर नहीं देखा। वह नालंदा जिला महिला कांग्रेस की जिलाध्यक्ष भी रही। 2010 विधानसभा चुनाव में उन्होंने कांग्रेस के टिकट पर हरनौत से चुनाव भी लड़ा।

2014 लोकसभा चुनाव के दौरान वह जनता दल यूनाइटेड में शामिल हो गई। जहां वह विभिन्न पदों पर कार्यरत रही। जिला से राज्य स्तर तक की राजनीति में सक्रिय डॉ. वसुंधरा कुमारी महिला जदयू की प्रदेश महासचिव पद पर भी रही। साथ ही वह महिला जदयू की प्रदेश उपाध्यक्ष पद को भी सुशोभित की। वर्तमान में वह नालंदा लोकसभा क्षेत्र की प्रभारी है।

डॉ वसुंधरा कुमारी आसन्न पंचायत चुनाव में चंडी पश्चिमी से चुनाव मैदान में आ रही है। उनका मानना है कि उन्होंने विस क्षेत्र में सीएम नीतीश कुमार के कार्यों का प्रचार किया है। जनसंपर्क चलाया है। जिसका लाभ उन्हें मिलना चाहिए।

 

‘नालंदा विश्वविद्यालय में व्याप्त भ्रष्टाचार को लेकर अनिश्चितकालीन धरना-प्रदर्शन शुरु’
स्विफ्ट डिजायर से यूं टकराई सीएम नीतीश कुमार की कारकेट वाहन, भाई-बहन समेत 3 जख्मी
नगरनौसा प्रखंड में आज चौथे दिन इन 259 लोगों ने किया नामांकन पत्र दाखिल
आज फिर खाद की आस में सुबह से दुकानदार का इंतजार कर रहे हैं किसान
महामहिम तक पहुंची मगध महाविद्यालय में शिक्षक प्रतिनिधि चुनाव रद्द करने की मांग

 

Nalanda Darpan

नालंदा दर्पण (Nalanda Darpan) के संचालक-संपादक वरिष्ठ पत्रकार मुकेश भारतीय (Mukesh Bhartiy) पिछले 35 वर्षों से समाचार लेखक, संपादक और संचार विशेषज्ञ के रूप में सक्रिय हैं। उन्हें समसामयिक राजनीति, सामाजिक मुद्दों, स्थानीय समाचार और क्षेत्रीय पत्रकारिता पर गहरी पकड़ और विश्लेषणात्मक अनुभव है। वे तथ्य आधारित, निष्पक्ष और भरोसेमंद रिपोर्टिंग के माध्यम से पाठकों तक ताज़ा खबरें और सटीक जानकारी पहुँचाने के लिए जाने जाते हैं। एक्सपर्ट मीडिया न्यूज़ (Expert Media News) सर्विस द्वारा प्रकाशित-प्रसारित नालंदा दर्पण (Nalanda Darpan) के माध्यम से वे स्थानीय समाचार, राजनीतिक विश्लेषण और सामाजिक सरोकारों से जुड़े मुद्दों को प्रमुखता से उठाते हैं। उनका मानना है कि स्थानीय पत्रकारिता का उद्देश्य केवल खबर देना नहीं, बल्कि सच को जिम्मेदारी, प्रमाण और जनहित के साथ सामने रखना है। ताकि एक स्वस्थ समाज और स्वच्छ व्यवस्था की परिकल्पना साकार हो सके। More »
error: Content is protected !!