Friday, February 13, 2026
अन्य

    वित्त विभाग ने राज्यकर्मियों के आवासीय भत्ता में किया बड़ा बदलाव, जानें नई प्रक्रिया

    नालंदा दर्पण डेस्क। बिहार वित्त विभाग ने सूबे के सभी राज्यकर्मियों के लिए हाउस रेंट की प्रक्रिया में व्यापक बदलाव की तैयारी कर रही है। अब सभी राज्यकर्मियों को चार महीने से अधिक की छुट्टी लेने पर मकान किराया भत्ता के लिए प्रमाण पत्र देना होगा।

    वित्त विभाग के सचिव (संसाधन) लोकेश कुमार सिंह ने सभी विभागों के अपर मुख्य सचिव, प्रधान सचिव, सचिव, सभी प्रमंडलीय आयुक्त और जिलाधिकारियों को स्पष्ट निर्देश जारी किया है।

    जारी निर्देश के अनुसार चार महीने से अधिक मातृत्व, शिशु देख-भाल, उपार्जित समेत अन्य अवकाश की अवधि में मकान किराया भत्ता के भुगतान लेने के लिए सरकारी कर्मचारियों को एक प्रमाण पत्र देना होगा। जिसमें स्पष्ट उल्लेख करना आवश्यक होगा कि अवकाश की अवधि में भी वे उसी स्थान क्षेत्र रहे हैं, जैसे वे छुट्टी पर जाने से पहले रहते थे।

    दरअसल, पिछले कुछ महीनों से सभी विभागों से वित्त विभाग के पास 120 दिन से अधिक अवधि तक छुट्टी पर रहने के स्थिति में मकान किराया भत्ता मिलेगा या नहीं, इसको लेकर मंतव्य मांगा जा रहा था।

    जानें अबतक छुट्टी का प्रावधान: वित्त के दिशा निर्देश के अनुसार मातृत्व, शिशु देख-भाल, उपार्जित समेत अन्य अवकाश की स्थिति में छुट्टी स्वीकृत किये जाने पर मूल वेतन, ग्रेड-पे, महंगाई भत्ता और मकान किराया भत्ता भुगतान किये जाने का प्रावधान किया गया है।

    राज्य सरकार के कर्मचारियों के लिए मकान किराया भत्ता नियमावली में सभी प्रकार की छुट्टी मिलाकर 4 महीने यानी 120 दिन तक मकान किराया भत्ता निकासी करने का प्रावधान है।

    इस अवधि से अधिक अवकाश में रहने की स्थिति में मकान किराया भत्ता की अनुमान्यता और भुगतान के सबंध में बहुत कुछ स्पष्ट नहीं था।

    जानें अब होगा स्वप्रमाण पत्रः कर्मचारियों को स्वप्रमाणित करना होगा कि वे उसी स्थान पर अवकाश की स्थिति में भी रहे हैं, जहां वे पदस्थापित हैं। प्रमाण पत्र में यह लिखना पड़ेगा कि वे प्रमाणित जिस अवधि के लिए मकान किराया भत्ता का दावा किया कर रहे हैं, उस अवधि में वे उसी स्थान पर अपना आवास बरकरार रखा है, जहां से वे छुट्टी पर गए हैं।

    BPSC शिक्षकों को नहीं मिलेगें अन्य कोई छुट्टी, होगी कार्रवाई

    महिला की मौत के बाद अस्पताल में बवाल, तोड़फोड़, नर्स को छत से नीचे फेंका

    अब इन शिक्षकों पर केके पाठक का डंडा चलना शुरु, जानें बड़ा फर्जीवाड़ा

    देखिए केके पाठक का उल्टा चश्मा, जारी हुआ हैरान करने वाला फरमान, अब क्या करेंगे लाखों छात्र

    भीषण गर्मी से बीपीएससी शिक्षिका और दो छात्र-छात्रा हुए बेहोश

    Nalanda Darpanhttps://nalandadarpan.com/
    नालंदा दर्पण (Nalanda Darpan) के संचालक-संपादक वरिष्ठ पत्रकार मुकेश भारतीय (Mukesh Bhartiy) पिछले 35 वर्षों से समाचार लेखक, संपादक और संचार विशेषज्ञ के रूप में सक्रिय हैं। उन्हें समसामयिक राजनीति, सामाजिक मुद्दों, स्थानीय समाचार और क्षेत्रीय पत्रकारिता पर गहरी पकड़ और विश्लेषणात्मक अनुभव है। वे तथ्य आधारित, निष्पक्ष और भरोसेमंद रिपोर्टिंग के माध्यम से पाठकों तक ताज़ा खबरें और सटीक जानकारी पहुँचाने के लिए जाने जाते हैं। एक्सपर्ट मीडिया न्यूज़ (Expert Media News) सर्विस द्वारा प्रकाशित-प्रसारित नालंदा दर्पण (Nalanda Darpan) के माध्यम से वे स्थानीय समाचार, राजनीतिक विश्लेषण और सामाजिक सरोकारों से जुड़े मुद्दों को प्रमुखता से उठाते हैं। उनका मानना है कि स्थानीय पत्रकारिता का उद्देश्य केवल खबर देना नहीं, बल्कि सच को जिम्मेदारी, प्रमाण और जनहित के साथ सामने रखना है। ताकि एक स्वस्थ समाज और स्वच्छ व्यवस्था की परिकल्पना साकार हो सके।

    LEAVE A REPLY

    Please enter your comment!
    Please enter your name here

    This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.

    आपकी खबरें

    error: Content is protected !!
    शांति और ध्यान का अद्भुत अनुभव बोधगया वैशाली का विश्व शांति स्तूप विक्रमशिला विश्वविद्यालय के बहुरेंगे दिन राजगीर सोन भंडारः दुनिया का सबसे रहस्यमय गुफा