नालंदाबिग ब्रेकिंगबिहार शरीफशिक्षा

Nalanda Education Big News: डीपीओ ने एमडीएम के 23 साधनसेवियों का किया तबादला

बिहारशरीफ (नालंदा दर्पण)। Nalanda Education Big News: नालंदा जिला शिक्षा कार्यालय में इन दिनों तबादलों का दौर चल रहा है। जिला पदाधिकारी के निर्देश पर चार दिन पहले ही डीपीओ स्थापना सुजीत कुमार राउत पर प्रपत्र ‘क’ गठित करते हुए उन्हें पद से हटाने का निर्देश दिया गया था।

प्राप्त निर्देश के आलोक में जिला शिक्षा पदाधिकारी राज कुमार के द्वारा जिला शिक्षा कार्यालय के कई पीओ तथा डीपीओ का प्रभार बदला गया था। इसी प्रकार मध्यान भोजन योजना के डीपीओ अनिल कुमार का भी प्रभार बदल दिया गया था। लगभग एक महीने पूर्व ही जिले के बड़ी संख्या में लिपिकों का तबादला भी दूसरे जिलों में भी किया गया था।

अब मध्यान भोजन योजना (एमडीएम) के नव पदस्थापित डीपीओ अंशु कुमारी के द्वारा जिले के सभी साधन सेवियो को विभिन्न प्रखंडों में स्थानांतरित किया गया है।

सिलाव प्रखंड के साधन सेवी कृष्ण कुमार सुंदरम को तथा कतरीसराय प्रखंड के साधन सेवी वीरेंद्र कुमार को जिला साधन सेवी बनाया गया है। इसी प्रकार जिला साधन सेवी मुकेश कुमार को रहुई तथा जिला साधन सेवी संतोष कुमार को कतरीसराय प्रखंड भेजा गया है।

प्रखंड साधन सेवी मनीष प्रसाद को बिहार शरीफ नगर निगम, दयानंद रविदास को बिहार शरीफ ग्रामीण, शंभू प्रसाद को हरनौत, मनोज कुमार को परवलपुर तथा सोफल कुमार को इस्लामपुर प्रखंड का साधनसेवी बनाया गया है।

प्रखंड साधन सेवी मनोज मालाकार को सिलाव, राकेश रंजन को नगरनौसा, सिंपल कुमारी को करायपरशुराय, शशि रंजन कुमार को गिरियक, महेश प्रसाद को नूरसराय, सत्येंद्र कुमार को हिलसा, गुलाम सरफुद्दीन को बिन्द, प्रदीप कुमार को सरमेरा, उमाशंकर को बेन, अजय कुमार सिंह को अस्थावां, अजय कुमार को चंडी, विशाल कुमार को एकंगरसराय, विक्की कुमार को थरथरी तथा राजीव रंजन को राजगीर का प्रखंड साधन सेवी बनाया गया है।

सभी साधनसेवियों को रैंडमाइजेशन विधि से प्रखंड आवंटित किए गए हैं। सभी प्रखंड साधन सेवियों को 10 दिनों के भीतर अपना अपना प्रभार सौंपकर नव पदस्थापित प्रखंडों में प्रभार ग्रहण करने का निर्देश दिया गया है। हालांकि रेंडमाइजेशन विधि से स्थानांतरण की प्रक्रिया किए जाने से कई साधन से भी अपने पूर्व के प्रखंडों में दोबारा पहुंच गए हैं, जहां वे एक बार पहले कार्य कर चुके हैं।

मुकेश भारतीय

मुकेश भारतीय वरिष्ठ पत्रकार हैं और राजनीति, प्रशासन और स्थानीय, राष्ट्रीय एवं वैश्विक मुद्दों पर लेखन-संपादन करते हैं। More »

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.

शांति और ध्यान का अद्भुत अनुभव बोधगया वैशाली का विश्व शांति स्तूप विक्रमशिला विश्वविद्यालय के बहुरेंगे दिन राजगीर सोन भंडारः दुनिया का सबसे रहस्यमय गुफा राजगीर वेणुवन की झुरमुट में देखें मुस्कुराते भगवान बुद्ध
The unsolved mysteries of the ancient Nalanda University राजगीर पांडु पोखर एक ऐतिहासिक पर्यटन धरोहर Rajgir Sone Bhandar is the world’s biggest treasure Artificial Intelligence is the changing face of the future