शिक्षा

CM नीतीश कुमार के नालंदा में देखिए ACS केके पाठक की व्यवस्था, पूरे बिहार को शर्मसार कर डाला

नालंदा दर्पण डेस्क। बिहार शिक्षा विभाग के अपर मुख्य सचिव केके पाठक की सुधारों के दावे के बीच स्कूलों में शिक्षा व्यवस्था की धज्जियां उड़ रही है। नालंदा जिला के सिलाव प्रखंड क्षेत्र अंतर्गत के श्रीगांधी प्लस टू उच्च विद्यालय सिलाव में अजीबोगरीब व्यवस्था देखने को मिली है। यहां हिंदी और उर्दू विषय की मासिक परीक्षा को ऐसा मजाक बना दिया है कि वह पूरे देश में बिहार को शर्मसार कर रहा है।

कहते हैं कि विद्यालय प्रबंधन द्वारा हिंदी एवं उर्दू की मासिक परीक्षा की तिथि घोषित की गयी थी। लेकिन विद्यालय प्रबंधन की ओर से बिना किसी समुचित तैयारी व्यवस्था के 9वीं और 12 वीं के सभी छात्र-छात्राओं को परीक्षा देने के लिए बुलाया गया। वहीं जब सुबह में छात्र-छात्राएं परीक्षा देने स्कूल पहुंचे तो बैठने की जगह की कमी की वजह से पूरे विद्यालय परिसर में अफरातफरी और हंगामा का माहौल बन गया।

इसी बीच छात्र-छात्राओं ने शिक्षकों से परीक्षा पत्र छीनने का प्रयास किया गया। माहौल बिगड़ता देख शिक्षकों ने भी प्रश्न पत्रों को हवा में उड़ा दिया। इसके छात्र-छात्राएं प्रश्न पत्र लूटकर विद्यालय परिसर में इधर-उधर बैठकर उसका हल करने लगे। अनेक छात्र-छात्राएं विद्यालय परिसर में बरामदे की सीढ़ियों पर बैठे दिखे तो कुछ विद्यालय के बाहर बगीचे में चबूतरे पर समूह में बैठकर प्रश्नपत्र हल करते दिखे।

यही नहीं, जब विद्यालय में अराजकता का माहौल बन गया तो सूचना पाकर पहुंची सिलाव थाना की पुलिस ने मोर्चा संभाला। और किसी तरह छात्र-छात्राओं को समझा बुझाकर कर शांत कराया। कहते हैं कि इस मासिक परीक्षा में शामिल होने के लिए कक्षावार कोई रूटीन नहीं बनाया गया था, जिसके कारण यह स्थिति उत्पन्न हुई।

बता दें कि श्रीगांधी प्लस टू उच्च विद्यालय सिलाव में प्रबंधन व्यवस्था बेहद खराब है। प्रधानाध्यापक अपने विवेक से कोई भी निर्णय नहीं ले पाते हैं। जिसके कारण विद्यालय में आये दिन ऐसी स्थिति तनावपूर्ण बनी रहती है। जबकि बीते सोमवार को सभी कक्षाओं में करीब 1300 छात्र-छात्राएं परीक्षा देने आये थे। उनके बैठने तक के लिए कोई व्यवस्था नहीं की गई थी।

आश्चर्य की बात है कि जब इस विद्यालय के प्रधानाध्यापक मो. मुस्ताक अहमद अंसारी को कुल नामांकन छात्र-छात्राओं की संख्या की भी सही जानकारी नहीं थी। फिर भी सभी छात्र-छात्राओं को विभागीय निर्देश के अनुसार परीक्षा में शामिल होने के लिए एक साथ बुला लिया गया।

हालांकि श्रीगांधी प्लस टू उच्च विद्यालय सिलाव में प्रधानाध्यापक की लापरवाही की कलई आए दिन खुलती रही है। कुछ महीने पहले इस स्कूल से जुड़े एक वीडियो भी वायरल हुआ था, जिसमें देखा गया था कि पढ़ने आई एक छात्रा पढ़ाई के समय चहारदीवारी फांद कर घर की ओर भाग रही थी। जिसके बाद शिक्षा विभाग ने कार्रवाई करते हुए इस इस विद्यालय के प्रधानाध्यपक समेत सभी शिक्षकों का वेतन पर रोक लगा दिया गया था।

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Nalanda Darpan

वरिष्ठ पत्रकार मुकेश भारतीय (mukesh bhartiy) पिछले तीन दशक से राजनीति, अर्थ, अधिकार, प्रशासन, पर्यावरण, पर्यटन, धरोहर, खेल, मीडिया, कला, संस्कृति, मनोरंजन, रोजगार, सरकार आदि को लेकर स्थानीय, राष्ट्रीय एवं वैश्विक स्तर पर बतौर कंटेंट राइटर-एडिटर सक्रिय हैं।

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