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राजगीर-कोडरमा भाया तिलैया रेलखंड पर जल्द दौड़ेंगी ट्रेनें

नालंदा दर्पण डेस्क। तिलैया कोडरमा रेलखंड में निर्माणाधीन सुरंगों (टनल) का निर्माण कार्य सितम्बर 2024 तक पूरा हो जायेगा। दिसम्बर तक इस रेलखंड में रेलगाड़ियां दौड़ने लगेगी। 64 किलोमीटर लम्बी इस रेल लाइन के चालू होने के बाद झारखंड से पर्यटन स्थल राजगीर, नालंदा, पावापुरी आने- जाने की व्यवस्था सुगम हो जायेगी।

अभी केवल सड़क मार्ग में आवागमन सुगम है। लेकिन इस रेल खंड के पूरा होने के बाद रेल यात्रा भी सुगम हो जायेगी। इसके बनने के बाद पटना, रांची, हजारीबाग की दूरी तो घटेगी ही पर्यटन दृष्टिकोण से भी यह काफी महत्वपूर्ण बन जायेगा।

राजगीर पहुंचे पूर्व मध्य रेलवे हाजीपुर के महाप्रबंधक अनिल कुमार खंडेलवाल ने बताया कि तिलैया कोडरमा रेलखंड में कुल 24 किलोमीटर क्षेत्र में सुरंग का निर्माण करना है। सुरंग का निर्माण कार्य तेजी से कराया जा रहा है।

उन्होंने बताया कि कुल 65 किमी लंबे कोडरमा-तिलैया नई रेल लाइन में कोडरमा से झरही तक और तिलैया से खरौंध तक 24 किमी रेल लाइन का निर्माण कार्य पूरा हो गया है। उसका निरीक्षण और स्पीड ट्रायल भी किया गया है। वह ट्रायल तय गति सीमा के अनुकूल पूर्णतः सफल हुआ है। विस्तारीकरण योजना का नियमित मॉनिटरिंग की जा रही है।

महाप्रबंधक ने कहा कि राजगीर कोडरमा भाया तिलैया रेलवे लाइन घने जंगलों एवं पहाड़ों से होकर गुजर रही है। इस रेलखंड की यात्रा दिलकश नजारों से भरी होंगी। इस रेलखंड में जंगल, नदी, पहाड़ व घाटी का क्षेत्र है। जिसमें चार बड़े सुरंग व पांच ब्रिज का निर्माण होना है। 1100 मीटर लंबी सुरंग बनाने का काम द्रुत गति से किया जा रहा है।

उन्होंने बताया कि अमृत भारत स्टेशन योजना के तहत राजगीर और बिहारशरीफ रेलवे स्टेशन पर भी अनेकों कार्य होना है। राजगीर बख्तियारपुर रेलखंड का दोहरीकरण का कार्य 2024 में आरंभ किया जायेगा।

इस योजना पर करीब दो हजार करोड़ व्यय किये जायेंगे। निर्माण आरंभ होने से पहले इस रेलखंड का सर्वेक्षण का काम पूरा कर लिया गया है। डीपीआर तैयार किया जा रहा है। डीपीआर तैयार होने और स्वीकृति बाद निर्माण कार्य आरंभ कर दिया जायेगा।

महाप्रबंधक द्वारा राजगीर रेलवे स्टेशन और अमृत भारत स्टेशन योजना के तहत हो रहे कार्यों का भी निरीक्षण किया गया। चल रहे निर्माण कार्यों की उन्होंने जानकारी ली और संबंधित अधिकारियों को कई दिशा-निर्देश भी दिये।

खंडेलवाल ने कहा कि राजगीर रेलवे स्टेशन पर पर्यटकीय सुविधाओं का विस्तार किया जा रहा है। इस रेल राजगीर से नई रेलगाड़ी चलाने के सवाल के जवाब में महाप्रबंधक ने कहा कि जो गाड़ियाँ चल रही है वह समय से चलते रहे यह यात्रियों के लिए सबसे बड़ी सुविधा होगी।

उन्होंने कहा अब बंदे भारत एक्स्प्रेस जैसी नई-नई ट्रेन आ रही है। राजगीर में नया स्टेशन भवन ओवर ब्रिज, सड़क नाली, पार्किंग, सहित पार्क और ग्रीन एरिया का निर्माण होना है। राजगीर एक पर्यटक और ऐतिहासिक स्थल है। इस दृष्टिकोण से रेलवे स्टेशन राजगीर का लुक भी ऐतिहासिक पृष्ठभूमि को दृष्टिगोचर करते हुए होगा।

मुकेश भारतीय

मुकेश भारतीय वरिष्ठ पत्रकार हैं और राजनीति, प्रशासन और स्थानीय, राष्ट्रीय एवं वैश्विक मुद्दों पर लेखन-संपादन करते हैं। More »
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